फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Basti News: निलंबित सचिव मूलवेतन पर बहाल...धनराशि क्षति का आकलन कर होगी वसूली

Sat, 27 Sep 2025 11:56 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
विज्ञापन
विज्ञापन
बस्ती। निलंबित ग्राम विकास अधिकारी (सचिव) पिंकी देवी को निलंबन की तिथि से मूल वेतन पर बहाल कर कर दिया गया है। धनराशि क्षति का आकलन कर वसूली के लिए अधिकारी नामित किए गए हैं। बताया गया कि यह कार्रवाई ग्राम पंचायत में अनियमित कार्य के चलते हुई है। आदेश की सूचना आयुक्त, डीएम, सीडीओ, डीपीआरओ, बीडीओ, सीटीओ को भेज दी गई है।
विज्ञापन

सांऊघाट ब्लॉक की ग्राम पंचायत केसवारा में तैनाती के दौरान ग्राम विकास अधिकारी पिंकी देवी और प्रधान पर अनियमितता का आरोप लगा था। शिकायत तेनुआ मझौवामीर गांव के अतुल कुमार ने शपथ पत्र के साथ की थी। इसके बाद जांच अधिशासी अभियंता ग्रामीण अभियंत्रण विभाग ने की। जांच में उन्होंने रिपोर्ट दी कि ग्राम सचिव ने आवश्यक अभिलेख उपलब्ध नहीं कराया। इसके चलते जिला विकास अधिकारी ने निलंबित करते हुए प्रकरण की जांच के लिए बीडीओ सल्टौआ को जांच अधिकारी नामित किया। इस पर निलंबित सचिव पिंकी देवी ने जांच अधिकारी को बदलने का अनुरोध किया। उनकी मांग को पूरा करते हुए जांच अधिकारी को बदल कर बीडीओ गौर को नामित किया गया।
बीडीओ गौर ने निलंबन प्रकरण की जांच की। उन्होंने 27 अगस्त 2025 को अपनी जांच आख्या दी। जांच आख्या में उन्होंने सचिव पिंकी देवी पर पांच आरोप सिद्ध पाए गए। इन आरोपों में बीडीओ के आदेश की अवहेलना, अपने कार्यक्षेत्र से बिना अनुमति अनुपस्थित रहने, शासकीय व जनहित कार्य में रुचि नहीं लेने, शासकीय धनराशि का गबन करना शामिल रहा। इन आरोपों को सिद्ध पाए जाने पर जिला विकास अधिकारी अजय कुमार सिंह ने उन्हें सवेतन बहाल करते हुए सजा निर्धारित की। सजा के तहत उन्हें डेढ़ दशक की सेवा के दौरान मिली वेतन वृद्धि को समाप्त करते हुए मूलवेतन पर पदावनत कर दिया गया। अब उन्हें ग्राम विकास अधिकारी के मूलवेतन 21,700 पर कर दिया गया। इसके साथ ही उन पर जितनी शासकीय धनराशि के क्षति का आकलन किया गया, उसे डीपीआरओ को वसूली करने के लिए कहा गया। बताया गया कि ग्राम विकास अधिकारी पिंकी देवी इस सजा के खिलाफ हाईकोर्ट की शरण ली। याचिका दायर कर राहत की मांग की, लेकिन न्यायालय ने सजा को बहाल रखते हुए यह कहा कि सचिव को बस्ती सदर विकास खंड से संबद्ध किया गया था, अब उनकी संबद्धता समाप्त करते हुए सदर ब्लॉक में ही तैनाती दे दी जाए।
विज्ञापन
विज्ञापन

-
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें