बस्ती। जिले में बदले मौसम के कारण बुजुर्गों में सांस और सूखी खांसी की शिकायत बढ़ी है। रात में सर्द हवा के चलते तापमान में गिरावट दर्ज की जा रही है, वहीं दिन में धूप से लोग बेपरवाह हो जा रहे हैं, इससे वह सर्दी-जुकाम और बदन दर्द से पीड़ित होकर अस्पताल पहुंच रहे हैं। अस्पताल में त्वचा रोगियों की संख्या में भी वृद्धि आई है।
सुबह और शाम ठंड का असर ज्यादा महसूस किया जा रहा है। वहीं, दिन में धूप निकलने पर लोगों ने राहत महसूस की, लेकिन मौसम के उतार-चढ़ाव का सीधा असर स्वास्थ्य पर पड़ रहा है। बुधवार को 741 मरीज इलाज कराने जिला अस्पताल में पहुंचे। फिजिशियन डॉ. रामजी सोनी के अनुसार, रात और सुबह-शाम सर्द हवा चलने से सर्दी, जुकाम, खांसी और बुखार के मरीजों की संख्या में लगातार वृद्धि हो रही है।
इसके अलावा दमा और सांस संबंधी बीमारी से पीड़ित मरीजों की परेशानी बढ़ गई है। कई मरीज सांस फूलने, घबराहट और बेचैनी की शिकायत लेकर अस्पताल पहुंचे। बुजुर्गों सांस के अलावा घुटनों के दर्द और जोड़ों की समस्या भी बढ़ रही है। त्वचा रोग विशेषज्ञ डॉ. राम अनुग्रह का कहना है कि ठंड और शुष्क हवा के कारण त्वचा में खुजली, रूखापन और एलर्जी की समस्या भी बढ़ रही है। खासकर बच्चों और बुजुर्गों में इसका असर ज्यादा देखा जा रहा है।
अस्पतालों में सुबह से ही पर्ची काउंटरों पर लंबी कतारें लग गईं। डॉक्टराें ने बदलते मौसम में लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है। उन्होंने कहा कि ठंड से बचाव के लिए गर्म कपड़े पहनें, सुबह-शाम बाहर निकलते समय सिर और कान ढंककर रखें तथा ठंडा पानी और ठंडी चीजों से परहेज करें। सांस के मरीज नियमित दवा लेते रहें और जरूरत पड़ने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।
कोट
ओपीडी और इमरजेंसी में आ रहे रोगियों की जांच कर दवाएं दी जा रही हैं। डॉक्टरों और कर्मचारियों को इसके लिए निर्देश भी दिए गए हैं।
-डॉ. खालिद रिजवान अहमद, एसआईसी, जिला अस्पताल, बस्ती।