- पहाड़ी पानी से सरयू लाल निशान से 26 सेमी ऊपर
- कटरिया चांदपुर तटबंध पर पारा गांव के पास बढ़ा पानी का दबाव
संवाद न्यूज एजेंसी
दुबौलिया। पहाड़ों पर लगातार हो रही बारिश और तीनों बैराजों से लगातार छोड़े जा रहे पानी के कारण सरयू नदी एक बार फिर ऊफान पर है। ऐसे में तटबंध और नदी के बीच स्थित सुविका बाबू गांव और आंशिक टेढवा बाढ़ के पानी से पूरी तरह से घिर गया है। यहां प्रशासन की तरफ से दो मोटर बोट और डोंगी नाव लगाई गई है। वहीं इन गांवों की दुश्वारियां एक बार फिर बढ़ गई है। यह गांव इस साल बाढ़ की चपेट में दूसरी बार घिर चुके हैं।
जलस्तर बढ़ने के कारण भुअरिया, अशोकपुर ग्राम पंचायत के तीन पुरवो, विशुनदासपुर अनुसूचित बस्ती, मोजपुर आदि गांव की तरफ पानी धीरे-धीरे फैल रहा है। जलस्तर बढ़ने के कारण अतिसंवेदनशील तटबंध कटरिया चांदपुर पर खजांचीपुर गांव से लेकर खलवा गांव तक और गौरा-सैफाबाद तटबंध पर पारा गांव के सामने पांच सौ मीटर में नदी का दबाव बना हुआ है। बाढ़ खंड विभाग लगातार संवेदनशील स्थलों की निगरानी में जुटा है।
केंद्रीय जल आयोग अयोध्या के अनुसार नदी का जलस्तर शनिवार की शाम पांच बजे 92.990 पर पहुंच गया जो खतरे के निशान 92.730 से 26 सेंटीमीटर ऊपर पर है। हालांकि नदी का जलस्तर शनिवार की सुबह से स्थिर बताया जा रहा है। यहां प्रशासन ने पिछली सप्ताह में आई बाढ़ में राहत सामाग्री का वितरण भी कर दिया गया है। सुविका बाबू गांव के लेखपाल अशोक पटेल ने बताया की इस गांव के किसानों में फसल नुकसान का मुआवजा का वितरण भी किया जा रहा है। वही दूसरी बार फिर से बाढ़ राहत सामाग्री का वितरण जल्द ही करा दिया जाएगा।