हटाई जाएंगी 654 गांवों की जर्जर लाइन, लगेगी एबीसी
बस्ती। खुले और जर्जर बिजली तारों से होने वाले हादसे और लाइन लॉस को कम करने के लिए अब गांवों में भी एबीसी (एरियल बंच केबल) लगाई जाएगी। इसके लिए जिले के एक हजार से अधिक की आबादी वाले 654 गांव चिह्नित किए गए हैं, जहां विद्युत वितरण मंडल सर्वे करा रहा है।
शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली सप्लाई के लिए खुले तारों की लाइनें मिल जाएंगी। इनमें ऐसे कई इलाके हैं, जहां की लाइनें जर्जर हो चुकी हैं। इसके चलते आए दिनों लाइनों के टूटने और आपूर्ति ठप होने की समस्या बनी रहती है। इससे विद्युत वितरण मंडल को भी नुकसान उठाना पड़ता है।
जर्जर हो चुकी लाइनों से बिजली आपूर्ति सामान्य रखने में वितरण मंडल को अधिक श्रम और संसाधनों की जरूरत पड़ती है। आपूर्ति बेहतर बनाने के लिए अब इन गांवों में एबीसी लगाई जाएगी। इससे उपभोक्ताओं को खराब मौसम में फाल्ट की समस्या से निजात मिलेगी।
एबीसी साफ बिजली आपूर्ति के लिए सबसे बेहतर मानी जाती है। खराब मौसम में इसमें फाल्ट बहुत कम आता है, जिससे आपूर्ति यथावत बनी रहती है। यह लाइन लॉस कम करने और बिजली चोरों पर अंकुश लगाने में सहायक है। लो वोल्टेज की समस्या भी खत्म हो जाएगी।
विद्युत वितरण मंडल के अधीक्षण अभियंता आरबी कटियार ने बताया कि 20 जून तक सर्वे कार्य पूरा कर लिया जाएगा इसके बाद एबीसी लगाने का कार्य शुरू होगा। जिसमें करीब 18 महीने लग जाएंगे।