मतगणना : भीड़ में सादे लिबास में घूमते रहेंगे जवान
बस्ती। विधानसभा चुनाव की मतगणना के दौरान और बाद के माहौल में कानून व्यवस्था कायम रखने के लिए पुलिस प्रशासन ने व्यापक प्रबंध किए हैं। मतगणना केंद्र के भीतर और बाहर व्यवस्था चाक-चौबंद है। इसके अलावा प्रवेश और निकास द्वार पर कड़ी निगरानी रखी जाएगी। बिना पास या अनुमति पत्र के किसी को भी मतगणना परिसर के भीतर नहीं जाने दिया जाएगा।
पीएसी और केंद्रीय बलों के अलावा सिविल पुलिस के जवानों को सादे लिबास में तैनात किया गया है। जो परिसर के बाहर की भीड़ में मौजूद रहकर परिणाम के बाद के माहौल पर पैनी नजर रखेंगे। 11 मार्च को आधी रात तक सख्त निगरानी रहेगी। प्रत्येक एसओ के साथ एक कैमरा मैन रहेगा जो किसी भी भीड़ या अवांछनीय गतिविधि की वीडियो रिकार्डिंग करेगा। एसपी आशीष श्रीवास्तव ने बताया कि धारा 144 लागू है, जिसका सख्ती से अनुपालन कराया जाएगा।
मतगणना स्थल के आसपास के दौ सौ मीटर के दायरे में किसी को भी भीड़ जुटाने की इजाजत नहीं होगी। हाईवे पर आवागमन भी बना रहेगा। इसकी दोनों लेन से वाहनों के संचालन में बाधा नहीं आने पाएगी। सभी थाना क्षेत्रों में यह व्यवस्था बनाई जा रही है कि मतगणना समाप्त होने के बाद एक पुलिस टीम एंटी राइट उपकरण से लैस होकर लगातार अपने-अपने क्षेत्र में भ्रमणशील रहे जिससे किसी भी तरह की विषम परिस्थिति से निपटा जा सके। मतगणना के बाद बवाल न हो, इसके लिए पुलिस ने खास प्रबंध किया है। रनर और विनर कैंडीडेट को सुरक्षा में घर पहुंचाएगी। यह व्यवस्था तब की जाएगी जब संबंधित उम्मीदवार अथवा समर्थक विवाद होने का खतरा बताएगा।
डिजिटल वालंटियर्स को किया गया सतर्क
मतगणना से पहले ओर बाद में चुनाव में जीत हार को लेकर होने वाली बहस या विवाद की संभावना के मद्देनजर डिजिटल वालंटियर्स को अलर्ट किया गया है। उनसे अपेक्षा की गई है कि यदि कहीं ऐसी आशंका हो तो संबंधित थाने को इसकी तत्काल सूचना दें। एसपी का कहना है कि सूचनाओं के आदान-प्रदान में डिजिटल वालंटियर्स की मदद ली जा रही है।