पैकोलिया। थाना क्षेत्र के जीतीपुर गांव के परी हत्याकांड के मुख्य आरोपी के नवीन परती में बने घर पर बृहस्पतिवार को बुलडोजर चल गया। तहसीलदार के आदेश पर 15 जुलाई तक मकान खाली करने का नोटिस 30 जून को चस्पा किया गया था मगर हत्यारोपी ने मकान खाली नहीं किया।
समय सीमा बीतने पर बृहस्पतिवार दोपहर नायब तहसीलदार शौकत अली व ऋषभ सिंह लेखपाल अरविंद पासवान, अंगद यादव, मनु सिंह यादव, केसरी नंदन तिवारी, सर्वेश कुमार, रंजीत विश्वकर्मा, अजय गौड़ तथा पुलिस बल के साथ बुलडोजर लेकर जीतीपुर गांव पहुंचे। नवीन परती की भूमि पर बने आरोपी के अवैध मकान को भी बुलडोजर चला कर ध्वस्त करा कर अतिक्रमण मुक्त करा दिया। 24 जून को आरोपी के कब्जे से गड्ढे की भूमि पर बुलडोजर चलवाकर पुनः उसको गड्ढे में तब्दील कराया जा चुका है।
बता दें कि 15 जून को जीतीपुर गांव में भूमि विवाद में मासूम परी की चाकू से गोदकर हत्या कर दी गई थी। 14 जून को दोपहर जीतीपुर गांव में जमीन की पैमाइश करके राजस्व टीम ने सीमांकन किया था। उसी जमीन पर मिट्टी गिरवाते समय अतुल कुमार श्रीवास्तव के परिवार पर हमला कर दिया गया था। इसमें परी की मौत हो गई थी। मामले में पुलिस की तरफ से गहराई से जांच की गई तो पाया गया कि प्रकरण की गंभीरता की जानकारी होने के बावजूद थानेदार ने लापरवाही बरती थी। मामले में 11 आरोपियों पर केस दर्ज किया गया था जिसमें आठ आरोपी जेल तथा तीन भाग गए हैं।