संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। श्रीगुरु नानक देव के प्रकाश पर्व पर गांधीनगर गुरुद्वारा में शबद-कीर्तन का आयोजन हुआ। शबद-कीर्तन के मौके पर सिख व अन्य धर्म के मानने वाले लोग पहुंचे। सभी गुरु ग्रंथ साहब के समक्ष मत्था टेका और मंगल कामना की।
देर शाम तक शबद-कीर्तन चलता रहा। उसके बाद लंगर शाम तक जारी रहा, जहां पर लोगों ने लंगर चखा। पूरा गांधीनगर क्षेत्र जो बोले सो निकाल से गूंजता रहा।
गुरुद्वारा गांधीनगर में सरदार राजेंद्र सिंह के नेतृत्व में रागी जत्था ‘करतार गुरु नानक आया’ शबद कीर्तन सुनाया तो हर कोई गुरु की संगत में खोता नजर आया।
श्रद्धालु वाहे गुरु का रट लगाए रहे। ‘सतगुरु नानक प्रगट्या मिटी धुंध जग चानन होवा, जित्थे बाबा पैर धरे पूजा आसान सोहा’ शबद को रागी जत्थे ने सुनाया तो मौजूद लोगों ने दोहराया।
शबद-कीर्तन का समापन अरदास से हुआ। प्रधान हरवंश सिंह ने कहा कि गुरुनानक देव की महिमा का वर्णन करते हुए कहा कि ‘सुनी पुकार दातार, प्रभ गुर नानक जगमाही पठायो। कल तारण गुरुनानक आयो’। गुरुनानक देव का ईश्वर से सीधा संपर्क था। वह कलयुग में हम सभी को तारणे के लिए आए और संदेश दिया। उनके लिए समूचा जग एक समान था।
प्रधान हरवंश सिंह ,सरदार गुरनाम सिंह व ज्ञानी प्रदीप सिंह के नेतृत्व में आयोजित समारोह आदि को सरोपा भेंट कर सम्मानित किया गया। यह सम्मान सरदार , कुलवेंद्र सिंह जेम्स, सरदार रविन्द्र पाल सिंह श्याल, हरिभजन सिंह, कुलदीप सिंह ने अंगवस्त्र प्रदान कर किया।
प्रभु प्रीत सिंह, देविंदर सिंह रंगी,हरविंदर पाल सिंह प्रभजोत सिंह अमरजीत सिंह बाबू, नरेश सड़ाना, तेजपाल सिंह, गौरव जैली, सन्नी सिंह आदि माैजूद रहे।ि