बस्ती। कुछ बंदियों द्वारा बिना पर्याप्त आधार अस्पतालों में भर्ती होकर
अनुचित लाभ लेने की शिकायतों को शासन ने गंभीरता से लिया है। इसे रोकने के
लिए शासन की ओर से जेल में निरीक्षण के दौरान सात चेक प्वाइंट निर्धारित
किए गए है।
जेलों की सुरक्षा और प्रतिबंधित सामग्री के प्रयोग को
रोकने के लिए शासन की ओर से विशेष दिशा निर्देश जारी किए गए हैं। जेल के
आकस्मिक निरीक्षण के दौरान सभी बंदियों की सघन चेकिंग, बैरकों और कमानों की
सघन चेकिंग, जेल के प्रत्येक भाग, पाकशाला, कारागार चिकित्सालय शौचालयों
आदि के निरीक्षण पर विशेष ध्यान देने को कहा गया है।
जेल में मुख्य
गेट पर बंदी की तलाशी के साथ ही बंदियों के कार्यस्थल का भी सघन निरीक्षण
करना होगा। मुख्य सचिव आलोक रंजन की ओर से जारी निर्देशों में कहा गया है
कि जेल में बंदियों के भोजन की गुणवत्ता का विशेष निरीक्षण होना चाहिए।
बंदियों
को जेल से भागने में सहायक हो सकने वाली वस्तुएं सीढ़ी, रस्सी, सरिया आदि
का उचित स्थानों पर रखा जाए। बंदियों की ओर से जेल में किसी विशेष सुविधा
का उपयोग न किया जाए, इस बात का भी ध्यान रखना होगा।
मुख्य सचिव की
ओर से डीएम, एसपी को भेजे पत्र में कहा गया है कि कतिपय बंदियों की ओर से
बिना पर्याप्त आधार के अनावश्यक रूप से अस्पतालों में भर्ती होकर अनुचित
लाभ लिया जा रहा है, इस अनुचित और नियम विरुद्ध कार्य को रोकना होगा।
यदि
कोई भर्ती है तो निरीक्षण के दौरान उसके भर्ती होने के पर्याप्त आधार की
जांच की जानी चाहिए। इस संबंध में जेल अधीक्षकों से एक प्रमाण पत्र भी
प्राप्त करने को कहा गया है।