ओडीएफ की धीमी प्रगति, सेक्रेट्रियों को नोटिस
डीपीआरओ ने थमाई 44 ग्राम पंचायतों के 14 एडीओ व सेक्रेट्रियों को नोटिस
अमर उजाला ब्यूरो
विक्रमजोत। ब्लॉक क्षेत्र में स्वच्छ भारत अभियान के तहत शौचालय निर्माण में लापरवाही व असंतोषजनक प्रगति पर डीपीआरओ ने 44 ग्राम पंचायतों के 14 ग्राम पंचायत व ग्राम विकास अधिकारियों को नोटिस थमाया है।
जिन ग्राम पंचायत अधिकारियों को नोटिस दिया गया है। उनमें संजीव कुमार, कमलेश, कनिकराम चौधरी, आनंद पाल, बृजेश यादव, विनय कुमार, शैलेन्द्र मणि त्रिपाठी, नरेंद्र प्रताप सिंह सहित नई तैनाती वाले सचिवों को नोटिस दिया गया है। नोटिस में कहा गया है कि स्वच्छ भारत अभियान के अंतर्गत ग्राम पंचायतों में वर्ष 2017-18 में शौचालय निर्माण के लिए आवंटित धनराशि खाते में अवशेष पड़ी है, जिसको 29 अक्तूबर तक खर्च करने के निर्देश थे मगर ऐसा नहीं किया गया। इससे यह पता चलता है कि गांवों में शौचालय निर्माण के लिए लाभार्थियों को प्रोत्साहन राशि के रूप में धनराशि उपलब्ध नहीं कराई गई। इसके कारण शौचालय निर्माण कार्य बाधित है और ओडीएफ कार्य प्रभावित है जो कि अत्यंत आपत्तिजनक है। जिला पंचायत राज अधिकारी शिवशंकर सिंह ने बभनगांवां, गौरिया नैन, शेरवाडीह, कवलपुर ,रिक्खीपुर, विक्रमजोत, छतौना, अतरौरा झाम, नटौवा, खेसुआ, पचवस, धौरहरा चौहान, सौरी, सुकरौली पांडेय, पूरे हेमराज, पिपरी संग्राम, बभरौली, अमोढ़ा, कुआं गांव, धिरौली बाबू, जैतापुर, रानीगांव अकला, अकवारा, केशवपुर, रूपगढ़, खतमसराय, बछईपुर, माझा किताअव्वल समेत लगभग 44 ग्राम पंचायतों के सचिवों से सप्ताह भर में अर्द्धनिर्मित व अनिर्मित शौचालयों को पूर्ण करा कर लाभार्थियों को प्रोत्साहन राशि मुहैया कराते हुए स्पष्टीकरण मांगा है। बीडीओ इन्द्रपाल सिंह यादव ने कहा कि तमाम ग्राम पंचायतों के प्रभारी सचिवों को नोटिस मिला है। लगातार बैठकें करके तेजी से प्रयास किये जा रहे हैं। अब ग्राम पंचायतों को ओडीएफ कराया जा रहा है। बेसलाइन सर्वे सूची में छूटे लाभार्थियों के नाम बढ़ाये जाने के निर्देश मिले हैं। प्रधान व लाभार्थी के सहयोग से जल्द शौचालयों को बनवाने का प्रयास किया जा रहा है।