बस्ती। जिले के आठ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में अभी तक आयुष्मान योजना की सुविधा शुरू नहीं हो सकी है। शासन स्तर से इस पर नाराजगी जताते हुए सीएमओ से जवाब मांगा गया है। इससे खलबली है।
सीएचसी पर जल्द आयुष्मान की सुविधा शुरू करने के निर्देश दिए गए हैं। बताया गया कि इन सीएचसी में सुविधा शुरू होने के पीछे का कारण आयुष्मान मित्र की तैनाती न होना है। इससे कार्ड धारकों को आयुष्मान की सुविधा नहीं मिल पा रही है। पिछले दिनों सीएचसी में आयुष्मान कार्ड धारकों को उपचार नहीं मिलने की शिकायतें मिलीं थीं। इस पर स्टेट एजेंसी फॉर कांप्रिहेंसिव हेल्थ एंड इंटीग्रेटेड सर्विसेज (साचीज) ने जिलेवार समीक्षा की। इसके पता चला कि बस्ती के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र दुबौलिया में आयुष्मान भारत योजना इसलिए शुरू नहीं हो सकी है, चूंकि यहां आयुष्मान मित्र की तैनाती नहीं हो सकी है। सुविधा शुरू ही नहीं हो पाई है। पीछे कहीं तकनीकी खामी है तो कहीं सीएचसी का नाम पोर्टल पर अपडेट नहीं है। इस सीएचसी को आयुष्मान योजना में अक्रियाशील श्रेणी में चिह्नित किया गया है। सीएमओ डॉ. राजीव निगम ने बताया कि स्टेट से संबंधित सीएचसी के बारे में जानकारी मांगी गई है। बताया कि वहां आयुष्मान मित्र की तैनाती के लिए कई बार पत्र लिखा गया, लेकिन एजेंसी की ढिलाई से यह कार्य शुरू नहीं हो पाया है। आयुष्मान मित्र मिलने पर सीएचसी क्रियाशील हो जाएगी। इसके अलावा सात अन्य सीएचसी परशुरामपुर, सांऊघाट, विक्रमजोत, सल्टौआ, रामनगर, रुधौली और कप्तानगंज में भी आयुष्मान मित्र नहीं हैं। यहां भी सेवा ठप है। आयुष्मान मित्र की तैनाती के लिए कई बार पत्राचार एजेंसी को किया गया है।
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चार महत्वाकांक्षी ब्लॉकों में आयुष्मान कार्ड शत-प्रतिशत बनाने के दिए निर्देश
बस्ती। जनपद के चार महत्वाकांक्षी ब्लॉक हर्रैया, विक्रमजोत, कुदरहा और सल्टौआ में आयुष्मान कार्ड शत-प्रतिशत बनाए जाने के लिए निर्देशित किया गया है। आयुष्मान भारत योजना के मुख्य कार्यपालक अधिकारी अर्चना वर्मा ने आकांक्षात्मक ब्लॉक के तौर पर चयनित सभी चारों ब्लॉकों में शत-प्रतिशत कार्ड बनाने के लिए कहा है। हालांकि जनपद बस्ती का अन्य जिलों के ब्लॉकों की अपेक्षा 95 प्रतिशत लक्ष्य पूर्ण दिखाया गया है। सीएमओ डॉ. राजीव निगम ने बताया कि सर्वे कराया जाएगा। छूटे हुए लोगों का कार्ड बनवाया जाएगा।