फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

वैक्सीनेशन पर कभी भी खड़ा हो सकता है संकट

विज्ञापन
विज्ञापन
वैक्सीनेशन पर कभी भी खड़ा हो सकता है संकट
विज्ञापन

बस्ती। जिला स्वास्थ्य समिति की ओर से कोरोना टीकाकरण के लिए सैकड़ों कर्मी लगाए गए हैं। इसके अलावा एनएचएम की ओर से भी यहां कर्मियों की तैनाती है। इनकी संख्या करीब चार सौ है। अब यह कर्मी परेशान हैं, क्योंकि पिछले तीन माह से इन्हें मानदेय नहीं मिला है। कर्मियों की मानें तो जब वे मानदेय की बात करने जाते हैं तो उन्हें जल्द से जल्द देने का आश्वासन देकर वापस कर दिया जाता है। इस प्रकार की स्थिति ने परेशान कर्मियों में नाराजगी है जिससे वे कभी भी काम ठप कर सकते हैं। ऐसे में वैक्सीनेशन का कार्य कभी भी बंद हो सकता है।
करीब एक वर्ष पहले कोरोना टीकाकरण की घोषणा केंद्र सरकार ने की थी तो जिला स्वास्थ्य समिति व एनएचएम से कर्मियों का प्रशिक्षण करा कर उन्हें केंद्रों पर टीकाकरण के लिए लगा दिया गया। योजना से इन्हें मानदेय भी दिया जाता रहा, मगर पिछले तीन माह से इनका मानदेय नहीं मिल पा रहा है। नाम न छापने की शर्त पर वैक्सीनेशन कार्य में लगे कर्मियों ने बताया कि यह स्थिति अब है, मगर पहले सब कुछ ठीक था। कहा कि आउट सोर्सिंग के कर्मियों को मानदेय नहीं दिया, जाने का मामला अभी चल ही रहा है कि अब पिछले तीन माह से वैक्सीनेशन व एनएचएम की ओर से रखे गए कर्मियों का मानदेय भी नहीं दिया जा रहा है। इनका कहना है कि वे जब भी संबंधित पटल सहायक से बात करते हैं तो उन्हें घूमा देता है। कहते हैं कि इस तरह से परिवार चलाना मुश्किल हो गया है। यदि यही हाल रहा तो काम बंद कर देना पड़ेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

बोले जिला प्रतिरक्षण अधिकारी
वैक्सीनेशन के लिए जिम्मेदार जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. फखरेयार हुसैन ने कहा कि यह मामला संज्ञान में आया है। इसे अधिकारियों को बताया गया है। जिला स्वास्थ्य समिति के अध्यक्ष डीएम के भी संज्ञान में इसे लाया जाएगा, जिससे जल्द से जल्द मानदेय दिलाया जा सके।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें