बस्ती। कलवारी थाना क्षेत्र के मांझा खुर्द में श्मशान घाट के पीछे पांच महीने से अवैध असलहा बनाने की फैक्टरी चल रही थी, मगर पुलिस को भनक तक नहीं लग पाई थी। यदि दुबौलिया थाना क्षेत्र के ग्राम बेमहरी के खूनी टोला में हुए तांत्रिक हत्याकांड से पुलिस पर्दा न उठाती तो शायद अब तक इस अवैध धंधे का पर्दाफाश न हुआ होता।
सूत्र बताते हैं कि पुलिस की पूछताछ में सुपारी किलर ने बताया था कि उसने 32 बोर का अवैध असलहा और कारतूस कहां से खरीदा था। इसके बाद से पुलिस और एसओजी टीम अवैध असलहा बनाने की फैक्टरी का भंडाफोड़ करने में जुट गई थी। इस बात की भनक अवैध असलहा बनाने वाले आंबेडकरनगर जिले के थाना इब्राहिमपुर के इलफातगंज निवासी ताज मोहम्मद को भी लग गई थी, इसलिए उसने अपना काम समेट लिया था। वह कभी-कभार ही असलहा बनाने के लिए आने लगा था। मंगलवार को सटीक मुखबिरी पर पुलिस और एसओजी की संयुक्त टीम ने उसे दबोच लिया था।
बता दें कि दुबौलिया थाना क्षेत्र के ग्राम बेमहरी के खूनी टोला निवासी तांत्रिक रामजीत (58) की हत्या 26 दिसंबर 2025 की रात में उसके घर पर बरामदे में सोते समय मुंह से असलहा सटाकर गोली मारकर की गई थी। पुलिस की पूछताछ में आरोपी लवकुश उर्फ लालचंद ने बताया था कि उसने योजना बनाकर विवेक चौधरी, सजरे आलम, अरुण कुमार से संपर्क कर सुपारी के रूप में एक लाख रुपये देकर तांत्रिक की हत्या कराई थी। सजरे आलम ने तांत्रिक को गोली मारी थी।
सूत्र बताते हैं कि तांत्रिक की हत्या में देसी 32 बोर के असलहे और भरवा कारतूस का इस्तेमाल किया गया था, इससे पुलिस यह मान बैठी थी कि असलहा कहीं दूर से नहीं खरीदा गया होगा। इसके बाद पुलिस ने सुपारी किलर सजरे आलम पर शिकंजा कसा और पूछताछ कर असलहा खरीदने वाले स्थान की जानकारी हासिल कर ली। जिले में अवैध असलहा बनाने की फैक्टरी के ठिकाने का पता लगते ही पुलिस और एसओजी ने जाल बिछाना शुरू कर दिया।
पुलिस की बढ़ती गतिविधियों को देख असलहा बनाने का अवैध फैक्टरी चलाने वाला ताज मोहम्मद सतर्क हो गया और आंबेडकरनगर से आने-जाने लगा था। पुलिस के चक्रव्यूह में घिरे होने के नाते मंगलवार को वह फंस गया। पुलिस की पूछताछ में आरोपी ताज मोहम्मद ने बताया कि इधर दो-तीन बार से आंबेडकरनगर से तमंचा व कारतूस बनाने का सामान लेकर आता था।
कोट
कलवारी थाना क्षेत्र के मांझा खुर्द में श्मशान घाट के पीछे अवैध असलहा फैक्टरी चलने की सूचना पुलिस को कई स्तरों से मिली थी। बस सही समय का इंतजार था। मंगलवार को जब आरोपी ताज मोहम्मद ने जिले में प्रवेश किया, तभी से पुलिस उसके पीछे पड़ी थी। ऐसे में उसे गिरफ्तार करने में सफलता मिल गई।
-श्यामकांत, एएसपी