बस्ती। इस बार सहकारी गन्ना समितियों और चीनी मिलों के बीच बिना एग्रीमेंट के पेराई सत्र शुरू कर दिया गया है। बभनान मिल में तो गन्ने की पेराई भी शुरू हो गई है। किसानों में गन्ना मूल्य को लेकर ऊहापोह की स्थिति है। बड़ा सवाल यह है कि सरकार की ओर से घोषित गन्ना मूल्य के भुगतान में अगर मिलें आनाकानी कीं और कोर्ट चलीं गईं तो किसान बुरे फंस जाएंगे।
सरकार की ओर से अब तक गन्ना मूल्य की घोषणा नहीं होने से संशय बना हुआ है। भाकियू गन्ना मूल्य बढ़ाने की मांग कर रही है। सरकार ने फिलहाल अपना रुख साफ नहीं किया है। ऐसे में गन्ना किसान असमंजस में हैं। उन्हें पिछले सत्र की तरह 235 से लेकर 250 रुपए प्रति कुंतल के हिसाब से गन्ना मूल्य मिलेगा या फिर इसमें बढ़ोत्तरी होगी। इसे बताने वाला कोई नहीं है। इधर, गन्ना समितियों और चीनी मिल के बीच अब तक एग्रीमेंट भी नहीं हो पाया है। वह गन्ना किसानों को किस हिसाब से गन्ना मूल्य देंगी यह भी स्पष्ट नहीं है। बभनान मिल में गन्ना पेराई शुरू हो गई है। इसी माह कुछ मिलें और चालू हो जाएंगी। ऐसे में देर से गन्ना मूल्य घोषित होने और एग्रीमेंट न किए जाने के कारण गतिरोध की स्थिति की आशंका जताई जा रही है।
14 दिनों के भीतर करना है एग्रीमेंट
चीनी मिलों और गन्ना समितियों के बीच 14 दिनों के भीतर एग्रीमेंट किया जाना है। आयुक्त गन्ना कामरान रिजवी के अनुसार, गन्ना सुरक्षण आदेश प्र्रसारित होने के 14 दिनों के भीतर संबंधित समिति और चीनी मिल को निर्धारित प्रारूप पर अनिवार्य रूप से अनुबंध करना होता है। जो चीनी मिलें निर्धारित अवधि में एग्रीमेंट नहीं करेगी उनके विरुद्ध दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
फंस सकता है गन्ना किसानों का पैसा : भाकियू
भारतीय किसान यूनियन के मंडल उपाध्यक्ष दीवान चंद्र पटेल और सचिव राहुल सिंह यादव ने कहा कि बिना एग्रीमेंट के पेराई शुरू होने पर किसानों की चिंता लाजिमी हैं। एग्रीमेंट के बाद यदि पेराई सत्र शुरू होता है तो गन्ना मूल्य भुगतान को लेकर कोई संशय नहीं रहता है। बाद में सरकार की ओर से घोषित गन्ना मूल्य को देने में मिलें आनाकानी करेंगी तो मामला बिगड़ सकता है।
एग्रीमेंट के लिए चल रही बातचीत : डीसीओ
जिला गन्ना अधिकारी राजेश धर द्विवेदी ने कहा कि गन्ना किसानों को चिंता करने की जरूरत नहीं है। एग्रीमेंट 14 दिनोें के भीतर करना होता है, बातचीत चल रही है। जल्द ही समितियों और मिलों के बीच एग्रीमेंट करा लिया जाएगा। मिलें सरकार की ओर से घोषित होने वाले गन्ना मूल्य के हिसाब से किसानों को भुगतान करेंगी।
गन्ना किसानों को देंगे तय मूल्य : सिन्हा
चीनी मिल बस्ती/वाल्टरंगज के यूनिट हेड सीबीपी सिन्हा ने कहा कि अभी हमारी मिलें नहीं चली हैं। तैयारी चल रही है। रही बात एग्रीमेंट की तो उसे लेकर परेशान होने की जरूरत नहीं है। सरकार जो भी गन्ना मूल्य घोषित करेगी उसी के अनुरूप मिल भुगतान करेगी।