चार साल बाद भी नहीं हुआ दुकानों का आवंटन
2014-15 में 4.93 करोड़ खर्च कर हुआ था नवीन सब्जी मंडी का निर्माण
व्यवसायियों के लिए बेकार साबित हो रही योजना
राम ललित यादव
गौर। आदर्श नगर पंचायत बभनान के व्यवसायियों को आज भी रोजगार के लिए इधर-उधर भटकना पड़ रहा है। वर्ष 2014-15 में कस्बे में रोजगार बढ़ाने के लिए 4.93 करोड़ से शासन स्तर से नवीन सब्जी मंडी का निर्माण कराया गया। तब लोगों में उम्मीद जगी कि अब रोजगार मुहैया होगा।
अभी तक दुकानों का आवंटन न होने से सब्जी मंडी व्यवसायियों के लिए बेकार साबित हो रही है। वर्ष 2000 में तत्कालीन मुख्यमंत्री राजनाथ सिंह ने बभनान को नगर पंचायत बनाए जाने की घोषणा की। उसके बाद वर्ष 2006 में नगर पंचायत का पहला चुनाव हुआ। तब बभनान की जनता को उम्मीद की किरण जगी की कस्बा शहर जैसा गुलजार होगा और हर सुविधाएं उपलब्ध होंगी। व्यवसायियों को रोजगार के लिए बाहर नहीं जाना पड़ेगा। लेकिन स्थित बद से बदतर है। व्यवसायियों को न तो रोजगार मुहैया हुआ और न ही कस्बे की सूरत बदली। डेढ़ वर्ष पहले बनकर तैयार नवीन सब्जी मंडी के कांप्लेक्स में कुल 66 दुकानें बनाईं गईं। साथ ही एक बड़ा शेड भी बनाया गया। जहां लाइट का भी भरपूर प्रबंध किया गया है। सारी सुविधाओं से युक्त सब्जी मंडी आवंटन के अभाव में बेकार साबित हो रही है।
जरूरी सुविधाओं का भी अभाव
वार्ड नंबर चार भगत सिंह नगर की सभासद राधिका सोनी ने एवं वार्ड नंबर ग्यारह चंद्रशेखर आजाद नगर के सभासद राजमणि पटेल ने बताया कि पूरे नगर पंचायत में एक भी सुलभ शौचालय नहीं है। इसी से विकास का अंदाजा लगाया जा सकता है। कस्बे में जाम की समस्या हमेशा बनी रहती है। पप्पू कौशल, प्रेम जायसवाल ने बताया कि बभनान-गौर मार्ग पर नगर पंचायत के वार्ड नंबर दो पटेल नगर में नवीन सब्जी मंडी के निर्माण होने से लगा कि रोजगार के अच्छे दिन आने वाले हैं। जहां थोक व्यवसायी सहित फुटकर व्यवसाय करने वालों को लाभ होगा। लोगों ने शीघ्र ही शासन-प्रशासन से दुकानों का आवंटन कराए जाने की मांग की है।
कुछ विवाद से आवंटन प्रभावित: ईओ
बभनान नगर पंचायत के अधिशासी अधिकारी शैलेंद्र सिंह ने बताया कि जमीन विवाद के चलते एक तरफ बाउंड्रीवॉल व गेट का निर्माण नहीं हो पाया है। जिसके चलते दुकानों का आवंटन अभी तक नहीं हो सका। बताया कि जिस स्थिति में नवीन सब्जी मंडी बनकर तैयार है। उसी स्थिति में जून के अंत तक आवंटन कराने की प्रक्रिया चालू करा दी जाएगी। ताकि व्यवसायियों को रोजगार मिल सके।