बेटी को उसने मायके में छोड़ दिया था। छोटी बहन उसकी देखरेख करती थी। तीन महीने पहले उसकी भी शादी हो गई। इसके बाद बच्ची की देखभाल की जिम्मेदारी उसके ऊपर आ गई। उसे साथ रहकर नौकरी करना संभव नहीं था। इस वजह से वह ससुराल आ गई। 10 दिन पहले वह दादी के निधन के बाद मायके गई थी। सोमवार को वह वहां से वापस आई। मंगलवार दोपहर को गला दबाकर उसने बेटी की हत्या कर दी।
नाम बदलकर करती थी नौकरी
आरोपी महिला नाम बदलकर गुड़गांव में नौकरी करती थी। मोबाइल की जांच में सामने आया कि कई सोशल साइट पर उसके अकाउंट हैं। सिम भी चार इस्तेमाल करती है। थाने आने से पहले भी महिला ने कई मैसेज डिलीट किए थे। इस वजह से पुलिस का शक और पुख्ता हो गया। जब नंबर की सीडीआर निकलवाई तो सारी हकीकत सामने आ गई। हत्याकांड का खुलासा कर पुलिस ने शनिवार को उसे जेल भेज दिया।