बहेड़ी। जमीन हड़पने के आरोप में जयश्री गंगवार ने बुधवार को बरेली में डीएम और एसएसपी से शिकायत की। इससे पहले वह मंगलवार को तहसील में संपूर्ण समाधान दिवस के दौरान पानी की टंकी पर चढ़ चुकी थीं। उन्होंने आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने और मामले की जांच कर तहसीलदार के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
जयश्री गंगवार के मुताबिक, पिता वीरेंद्र कुमार की नवंबर 2016 में सड़क हादसे में मौत हो गई थी। मृत्यु से पहले उनकी दिमागी हालत ठीक नहीं थी। आरोप है कि इसी का फायदा उठाकर पोशाकी लाल और गंगाधर ने 22 नवंबर 2017 को उनसे जबरन वसीयत करवा ली। पिता की मृत्यु सात दिसंबर 2025 को हुई। पोशाकी लाल ने चार अप्रैल 2026 को अपनी बहन इंदिरा देवी के नाम से तहसीलदार न्यायालय बहेड़ी में वाद दायर किया। इस वाद के जरिये गाटा संख्या 107 की खतौनी में पुत्र देवांश का नाम दर्ज करा दिया। जयश्री ने 27 जुलाई 2026 को भी एसपी कार्यालय में शिकायत की थी, तब उन्हें तहसीलदार से आख्या लाने को कहा गया था। तहसीलदार ने भी माना कि मृतका के नाम से वाद दायर हुआ था और उसे खारिज कर दिया है।
जयश्री का आरोप है कि इंदिरा देवी की मृत्यु 20 अक्तूबर 2024 को ही हो चुकी थी। इसके बावजूद 2026 में पोशाकी लाल, गंगाधर और मीरा देवी ने मृतका का फर्जी अंगूठा लगाकर वाद दाखिल किया। उन्होंने धोखे से खतौनी में नाम दर्ज कराया। पीड़िता के विरोध करने पर आरोपियों ने जान से मारने और झूठे मामले में फंसाने की धमकी दी। 13 जुलाई 2026 को पोशाकी लाल व अन्य ने इज्जतनगर में जयश्री की बहन के घर पहुंचकर भी धमकी दी थी।
एसडीएम गोपाल शर्मा ने बताया कि इस मामले का निस्तारण मंगलवार को किया जा चुका है। यदि शिकायत की गई है तो उच्चाधिकारियों के आदेशानुसार कार्रवाई की जाएगी।