माध्यमिक शिक्षा विभाग की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की बोर्ड परीक्षाएं मंगलवार से शुरू हो रही हैं। परीक्षा से पहले सोमवार को शिक्षा विभाग और जिला प्रशासन के अफसर परीक्षा की तैयारी का होमवर्क पूरा करने में जुटे रहे। अफसरों की पांच टीमें बनाकर जिले के संवेदनशील और अतिसंवेदनशील केंद्रों पर निरीक्षण कराया गया। यहां तैयारियों से ज्यादा ध्यान कॉपियों और प्रश्नपत्र पर रहा। बंडलों की सील देखी गई। सभी केंद्रों पर व्यवस्थाएं संतोषजनक रहीं। तैयारियों को लेकर डीएम ने अफसरों के साथ शाम को बैठक की। तय हुआ कि संवेदनशील और अतिसंवेदनशील केंद्रों पर एसडीएम के सचल दल प्राथमिकता पर छापेमारी करने जाएंगे। डीएम ने सख्त हिदायत दी कि प्रबंधक और उसके घर वाले परीक्षा केंद्र से दो सौ मीटर के दायरे के बाहर रहेंगे। अगर वह कॉलेज परिधि में आए तो तुरंत एफआईआर दर्ज कराई जाए।
गुरुजी के घनघनाते रहे फोन, नहीं गए ड्यूटी ज्वाइन करने
केंद्रीय कारागार को मिलाकर जिले में 129 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं जहां 1.05 लाख से ज्यादा छात्र परीक्षा देंगे। पांच हजार से ज्यादा कक्ष निरीक्षक लगाए गए हैं। सीसीटीवी सहित अन्य व्यवस्थाएं तो पूरी कर ली गई पर कक्ष निरीक्षकों की कमी पूरी न हो सकी। बरेली शहर हो या फिर ग्रामीण क्षेत्र के केंद्र अधिकतर जगह पर्याप्त संख्या में कक्ष निरीक्षक नहीं पहुंचे। डीआईओएस कार्यालय पर महिला शिक्षकों की एक टीम बनाकर कक्ष निरीक्षकों की स्थिति की पल पल की जानकारी ली गई। सबसे ज्यादा दिक्कत बेसिक के शिक्षकों के साथ रही। करीब पंद्रह सौ शिक्षकों की ड्यूटी लगी है जिसमें साठ फीसदी ही ड्यूटी ज्वाइन करने पहुंचे।
अधिकतर केंद्र व्यवस्थापकों की शिकायत रही कि उनके यहां कक्ष निरीक्षक नहीं पहुंचे। शिक्षकों को फोन भी किया गया, लेकिन वह ड्यूटी ज्वाइन नहीं करने पहुंचे। बरेली में बिशप मंडल इंटर कॉलेज में 41 शिक्षकों को पहुंचना था पर 26 ही पहुंचे। बरेली इंटर कॉलेज में भी 36 में से 17 ही पहुंचे। राजकीय इंटर कॉलेज, इस्लामिया, एमबी समेत अधिकतर में यह दिक्कत रही।
बच्चो! आप कैमरों की निगरानी में हो, नकल न करें
नकलविहीन परीक्षा कराने के लिए इस बार सीसीटीवी से निगरानी हो रही है। प्रत्येक केंद्र पर एक कंट्रोल रूम भी बनाया गया है। इसकी मॉनिटरिंग केंद्र व्यवस्थापक करेंगे। केंद्र व्यवस्थापकों का कहना था कि बच्चों को गेट पर ही बता दिया जाएगा कि इस बार सीसीटीवी से नजर रखी जाएगी। अगर गलती से पर्ची लेकर अंदर गए तो मुसीबत में पड़ जाओगे।
ऐन वक्त पर बदल गईं कई की ड्यूटी
आखिरी वक्त पर कई अतिरिक्त बाह्य केंद्र व्यवस्थापकों की ड्यूटी बदल गई। कुछ शिक्षकों ने ड्यूटी करने में असमर्थता जताई थी। उनको अतिरिक्त केंद्र व्यवस्थापक से हटाकर कक्ष निरीक्षक बना दिया गया और चेतावनी दी गई कि अगर ड्यूटी नहीं की तो वेतन रोका जाएगा। डीआईओएस अचल कुमार मिश्रा ने बताया कि जो शिक्षक ड्यूटी ज्वाइन नहीं करेगा उसका वेतन रोका जाएगा। बेसिक के शिक्षकों की रिपोर्ट बीएसए को भेजी जाएगी। माध्यमिक के शिक्षकों पर विभाग कार्रवाई करेगा।
फटी हुई कापियां पहुंची, कोड भी नहीं
नकलविहीन परीक्षा कराने के लिए इस बार जिले में कोडेड वाली कापियों से परीक्षा हो रही है। इसमें भी केंद्रों पर बड़ी दिक्कत देखने को मिली। काफी संख्या में कापियां फटी हुई पहुंच गई। कुछ के अंदर के पेज फटे हुए थे। इतना ही नहीं कापियों पर कोड भी नहीं था। कई केंद्रों ने इसकी शिकायत डीआईओएस से की। इन कापियों को बदला जाएगा।
जीआईसी का बदलवाया गया सीटिंग प्लान
इस बार जीआईसी में दोनों पालियों में परीक्षा होगी। वैसे हर साल हाईस्कूल की ही परीक्षा होती थी। कई ऐसे कॉलेजों के बच्चे पहुंच गए हैं जहां हर बार नकल के मामले सामने आते रहे हैं। डीआईओएस ने सुबह ही राजकीय इंटर कॉलेज का निरीक्षण किया। सीटिंग प्लान देखा। अनुदानित और वित्तविहीन छात्रों का सीटिंग प्लान अलग-अलग बनाया गया था। डीआईओएस ने सीटिंग प्लान बदलवाया। कहा कि दोनों को मिक्स कराकर बैठाएं। साथ ही निर्देश दिए कि अगर केंद्रों पर सीटिंग प्लान गलत मिला तो कार्रवाई की जाएगी।
गड़बड़ी दिखे तो करें फोन : अगर कहीं गड़बड़ी दिखे तो डीआईओएस कार्यालय पर बने कंट्रोल रूम में शिकायत दर्ज करा सकते हैं। 0581-2427433 पर फोन कर सकते हैं।
डिबार वाले शिक्षक केंद्र पर पहुंचे तो होगी कार्रवाई
शासन से डिबार चल रहे शिक्षक और प्रधानाचार्य अगर केंद्र पर मिले तो उनपर कार्रवाई की जाएगी। चठिया फैजू में एक महिला प्रधानाचार्य ने अपने पति को शिक्षक दिखा रखा है। महिला डिबार भी है। विभाग के संज्ञान में मामला आया तो निर्देश जारी किए अगर प्रधानाचार्य और शिक्षक केंद्र पर मिला तो कार्रवाई की जाएगी। बाबा हरदेव सिंह कॉलेज में भी प्रबंधक को चेतावनी दी गई है। डीआईओएस ने बताया कि 22 शिक्षक बरेली में डिबार हैं। अगर केंद्र पर होने की शिकायत मिली तो कार्रवाई की जाएगी।
शाम को पहुंची गाड़ियां
सचल दल के छापेमारी के लिए जिला प्रशासन से गाड़ियां नहीं मिली थीं। सोमवार दोपहर बाद चार गाड़ियां विभाग को मिली। डीआईओएस, बीएसए अपनी गाड़ियों से छापेमारी करेंगे। कुल छह सचल दल बनाए गए हैं।
ग्रामीण क्षेत्रों में कक्ष निरीक्षकों की समस्या सबसे ज्यादा
शिक्षकों द्वारा ड्यूटी ज्वाइन न करने की समस्या ग्रामीण क्षेत्र के कॉलेजों में ज्यादा दिखी। पचास फीसदी कक्ष निरीक्षक भी ड्यूटी करने नहीं पहुंचे। शिक्षक पर्याप्त मात्रा में नहीं पहुंचे तो कर्मचारियों को ड्यूटी पर लगाया जाएगा। मीरगंज में स्वामी विवेकानंद इंटर कालेज धनेटा फाटक में कक्ष निरीक्षक 34 मांगे थे, लेकिन सोमवार शाम तक सिर्फ 28 ही पहुंचे। आरपी इंटर कॉलेज मीरगंज, संत मंगलपुरी इंटर कालेज में भी पर्याप्त कक्ष निरीक्षक नहीं पहुंचे। दुनका के कुंवर ढाकनलाल इंटर कॉलेज सहोड़ा, दुनका इंटर कॉलेज में हाईस्कूल में फर्नीचर कम था, उसकी व्यवस्था कराई गई। कक्ष निरीक्षक यहां भी कम पहुंचे।
फतेहगंज पश्चिमी में जानकी देवी इंटर कॉलेज, चंद्रप्रकाश मेमो. इंटर कॉलेज शंखा पुल धन्तिया हाईस्कूल, बहेड़ी में रिछा ब्लाक में लालबहादुर शास्त्री इन्टर कॉलेज 45 में से केवल सात, राजकीय मे 45 में से पंद्रह, शेरिया में 45 में 17 शिक्षक ही ड्यूटी को पहुंचे। क्योलड़िया के भदपुरा विकास क्षेत्र के आर्य समाज इंटर कॉलेज सुंदरी व वीरेन्द्र सिंह कन्या इंटर कॉलेज जवेदा में 37 में से सिर्फ दस शिक्षक ही ज्वाइन करने पहुंचे। रिठौरा के दरबारी लाल शर्मा इंटर कॉलेज में 20 बेसिक शिक्षकों व 14 माध्यमिक शिक्षकों की ड्यूटी लगी है, सोमवार तक यहां 19 कक्ष निरीक्षक ही पहुंचे। भंडसर स्थित श्रीमती जानकी देवी हायर सेकेंडरी स्कूल में 13 माध्यमिक शिक्षकों को केन्द्र पर पहुंचना था लेकिन सोमवार तक केवल 4 ने ही ज्वाइन किया।
शाम तक व्यवस्थाएं पूरी करने में जुटे रहे केंद्र व्यवस्थापक
नवाबगंज। मंगलवार से शुरू हो रहीं परीक्षाओं की तैयारी के लिए केंद्रों पर शाम तक तैयारियां चलती रहीं। नवाबगंज तहसील में 16 केंद्र बनाए हैं। अधिकतर केंद्रों पर निरीक्षक पर्याप्त संख्या में नहीं पहुंचे। नगर के एसएसटी इंटर कॉलेज में 20 में से 12 कक्ष निरीक्षक ही पहुंचे। अनय केंद्रों पर ही पचास फीसदी कक्ष निरीक्षक पहुंचे।
आज का समय
हाईस्कूल : सुबह 7:30 से 10:45 बजे तक
इंटरमीडिएट : अपराह्न 2 बजे से शाम 5.15 बजे तक
पहले दिन विभाग की टेंशन कम
परीक्षा के पहले दिन अफसरों को टेंशन कम है, क्योंकि पहले दिन सामान्य विषय हैं। इंटरमीडिएट में दूसरी पाली में सामान्य हिंदी की परीक्षा होगी। पहली पाली में हिंदी प्रथम प्रश्नपत्र की परीक्षा है। हाईस्कूल में मंगलवार सुबह गृह विज्ञान की परीक्षा होगी। अंग्रेजी, गणित, विज्ञान जैसे पेपरों में नकल रोकना बड़ी चुनौती होगी।
आधा घंटा पहले पहुंचेें छात्र
डीआईओएस अचल कुमार मिश्रा ने बताया कि छात्र असुविधा से बचने के लिए कम से कम आधा घंटा पहले केंद्र पर पहुंचे। देख लें कि उनकी जेब में गलती से कोई पर्ची तो नहीं आ गई। अपनी तलाशी लेने के बाद ही केंद्र पर पहुंचे, क्योंकि इस बार गलती होने पर बख्शा नहीं जाएगा। सीधे कार्रवाई होगी।