विप्रा ने फर्जी नियुक्ति पत्र थमाए
संजय नगर के अरविंद कुमार ने भी विप्रा के खिलाफ बारादरी थाने में एक रिपोर्ट कराई है। बताया है कि विप्रा से उनकी मुलाकात कपड़े की दुकान पर हुई थी। अरविंद दुकान पर काम करते थे। विप्रा ने अरविंद को कॉल कर गोल्डन ग्रीन पार्क स्थित घर बुलाया। वहां सरकारी नौकरी लगवाने के बदले चार लाख रुपये लिए। इसके बाद फर्जी नियुक्ति पत्र थमा दिया। अरविंद जब शाहजहांपुर में नियुक्ति स्थान पर गए तो फर्जीवाड़े का पता चला। बारादरी थाने में अरविंद की तरफ से रिपोर्ट दर्ज की गई है।
तीन दर्जन हो गई मुकदमों की संख्या
फर्जी आईएएस विप्रा शर्मा के खिलाफ पहले भी कई मामले दर्ज हो चुके हैं। कुल मुकदमों की संख्या करीब 36 हो चुकी है जिनमें सर्वाधिक बारादरी थाने में हैं। अधिकांश मामलों में विप्रा के साथ उसके पिता, बहनोई व गुर्गे नामजद हैं। विप्रा और उसकी दो बहनें जेल में हैं लेकिन परिवार के अन्य सदस्य व गुर्गों की गिरफ्तारी पर जोर नहीं दिया जा रहा।
एसपी सिटी मानुष पारीक ने बताया कि विप्रा व उसके साथियों के खिलाफ लगातार नई शिकायतें आ रही हैं, जो दर्ज की जा रही हैं। सभी मामलों में चार्जशीट लगाकर कानूनी घेराबंदी की जा रही है। उच्चाधिकारी पहले ही कह चुके हैं कि गैंगस्टर की धारा लगाकर जब्तीकरण की कार्रवाई भी की जाएगी। कोई आरोपी नहीं बचेगा।