फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

‘एक मुकदमे में फरार हैैं शहला.. रुकवाया जाए शपथग्रहण’

Wed, 27 Dec 2017 01:44 AM IST
बरेली।
विज्ञापन
श्‍ाहला ता‌िहहिर
विज्ञापन

विज्ञापन
भाजपा जिलाध्यक्ष रविंद्र सिंह राठौर के भाई नीरेंद्र सिंह राठौर एवं नवाबगंज नगर पालिका से भाजपा प्रत्याशी रहीं प्रेमलता राठौर ने मुख्यमंत्री से निर्वाचित नगर पालिका अध्यक्ष शहला ताहिर के शपथग्रहण पर रोक लगाने की मांग की है। मुख्यमंत्री को भेजी गई शिकायत में कहा गया है कि शहला ताहिर पीलीभीत में दर्ज मुकदमे में वांछित हैं और फरार चल रही हैं। उनके खिलाफ और भी कई गंभीर शिकायतें हैं।
प्रेमलता राठौर और नीरेंद्र सिंह राठौर के लेटरपैड पर की गई शिकायत में कहा गया है कि शहला ताहिर पीलीभीत के थाना सुनगढ़ी में वर्ष 2004 में दर्ज धोखाधड़ी के मामले में वांछित हैं। उनके खिलाफ कुर्की की कार्रवाई भी हो चुकी है। इस मामले में उनके खिलाफ गैर जमानती वारंट है। कोर्ट में सुनवाई की तारीख पांच फरवरी, 2018 नियत है। इसके अलावा नगर पालिका के कार्यों में अनियमितता के चलते कमिश्नर ने भी आर्थिक क्षति का आकलन कर उनसे वसूली के आदेश दिए हैं। इन सब को ध्यान में रखते हुए शहला ताहिर के शपथग्रहण पर रोक लगाई जाए। पत्र में इन सभी आरोपों की सत्यापित कॉपी भी उन्होंने लगाई है। प्रमुख सचिव गृह, प्रमुख सचिव शासन, डीजीपी, एडीजी लॉ एंड ऑर्डर, कमिश्नर, आईजी और डीएम को भी इसकी प्रति भेजी गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन

वर्जन
शहला ताहिर फिलहाल पीलीभीत में दर्ज मुकदमे में फरार चल रही हैं। पुलिस पहले उनकी गिरफ्तारी करे और जमानत होने के बाद ही शपथग्रहण कराया जाए।
- नीरेंद्र सिंह राठौर, जिला महासचिव, भाजपा

जनता ने हमें चेयरमैन के पद पर चुना है। प्रशासन को शपथ तो ग्रहण करानी ही पड़ेगी। अगर अधिकारी शपथ नहीं दिलाएंगे तो मैं कोर्ट का सहारा लूंगी।
- शहला ताहिर, चेयरमैन नवाबगंज नगर पालिका



भाजपा जिलाध्यक्ष को हाईकोर्ट से राहत नहीं

बरेली। नवाबगंज में मतगणना के दौरान हुए बवाल के मामले में हाईकोर्ट ने भाजपा जिलाध्यक्ष रविंद्र सिंह राठौर के खिलाफ दर्ज रिपोर्ट को रद्द करने संबंधी उनकी याचिका खारिज कर दी है। कोर्ट ने कहा है कि विवेचक पर किसी भी तरह का दबाव न बने और निष्पक्ष विवेचना हो, इसके लिए एसएसपी इसकी स्वयं निगरानी करें। मतगणना के दौरान बवाल होने पर नवाबगंज के तत्कालीन एसडीएम राजेश कुमार नेे भाजपा जिलाध्यक्ष रविंद्र सिंह राठौर, उनके भाई नीरेंद्र और समर्थकों के खिलाफ जानलेवा हमला, एससी-एसटी एक्ट समेत कई गंभीर धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। रविंद्र ने हाईकोर्ट में याचिका दायर कर इसे रद्द करने की गुहार की। न्यायाधीश अरविंद कुमार त्रिपाठी और सलिल कुमार राय की पीठ ने याचिका पर सुनवाई करने के बाद उसे निस्तारित करते हुए एसएसपी को आदेशित किया कि विवेचना में ध्यान रखा जाए कि किसी निर्दोष का उत्पीड़न न हो। साक्ष्यों के आधार पर मुकदमे की विवेचना हो और जांच रिपोर्ट कोर्ट को भी उपलब्ध कराई जाए। एसएसपी स्वयं इसकी निगरानी करें।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें