आंवला में कूड़े के ढेर से कबाड़ बीनने वाले दो सगे भाइयों को सोने के जेवर मिलने के चार दिन बाद भी थाने में कोई क्लेम करने नहीं पहुंचा है। वहीं आंवला पुलिस से नवाबगंज, हाफिजगंज, कोतवाली सहित कई थानों की पुलिस ने बीते महीनों में सराफा व्यवसायियों से हुई लूट के संबंध में जेवर की शिनाख्त के लिए संपर्क किया है। पुलिस जेवर की गायब पांच थैलियों की बरामदगी के लिए ताड़गंज मोहल्ला से लेकर आसपास एरिया में मुखबिर तंत्र के भरोसे हैं। चार दिन बाद भी सोने का सुराग नहीं जुटाया जा सका है।
सिविल लाइंस में अमृतसर के सराफ हरमिंदर सिंह से 16 लाख के सोने के जेवरों की लूट सात अक्तूबर को हुई थी। कोतवाली इंस्पेक्टर गीतेश कपिल ने आंवला थाने के एसएसआई संजय सिंह से संपर्क करके जेवर की शिनाख्त कराने के लिए कहा। अब अमृतसर के सराफ के आने पर जेवर दिखाकर पहचान कराई जाएगी। आंवला पुलिस ने व्हाट्सएप के जरिये जेवर की फोटो कोतवाली पुलिस को भेजी है। सेंथल में 17 दिसंबर को बांकेलाल सराफ की दुकान काटकर चोरी हुई थी। जेवर चोरी होने के बाद आंवला में कूड़े में जेवर मिलने के बाद सेंथल पुलिस दो दिनों से आंवला पुलिस के संपर्क में है। हालांकि माल की शिनाख्त नहीं हो पा रही है। बदायूं और पीलीभीत में सराफ से हुई लूट के संबंध में भी छानबीन चल रही है।
सोना तहसीलदार को सौंपा
मंगलवार को पुलिस ने बरामद सोना ट्रेजरी में जमा कराने के लिए तहसीलदार को सौंप दिया। कबाड़ बीननेे वाले बच्चों के पिता मौसम शाह के घर दबंगों के हमले और सोना लूटने के बयान के बाद भी थाने में कोई लिखा-पढ़त नहीं की गई है, जबकि सीओ आंवला की जांच में यह बात शामिल की गई है।
वापस लौटा मौसम, पहुंचा थाने
मंगलवार को मौसम शाह अपने घर लौट आया। आंवला थाने में उसने बताया कि वह भाजपा कार्यालय में मान सिंह के पास मदद मांगने पहुंचा था। सोना मिलने के बाद उसे धमकियां मिल रही हैं। इससे उसे खतरा महसूस हो रहा है। पुलिस ने मंगलवार को भी उससे पूछताछ की।
छानबीन जारी है। संबंधित लोगों से पूछताछ भी की जा रही है। सोना वहां कैसे पहुंचा, इसका अब तक पता नहीं चल सका है।
- ख्याति गर्ग, एसपी देहात