बरेली। फरीदपुर में संविदाकर्मी के घर बिजली मीटरों में गड़बड़ी का खेल छह साल पुराना है। इस दौरान जिम्मेदार अफसरों ने इस ओर एक बार भी ध्यान नहीं दिया। अब तक आरोपी विद्युत निगम को करोड़ों रुपये की चपत लगा चुके हैं। अब विद्युत वितरण खंड द्वितीय और उपखंड फरीदपुर में वर्ष 2019 से अब तक तैनात रहे जेई, एसडीई और एक्सईएन विजिलेंस के रडार पर आ गए हैं। इनकी संख्या 25 से ज्यादा है।
विजिलेंस टीम ने बुधवार को फरीदपुर के मोहल्ला कानूनगोयान में संविदाकर्मी रोहताश शर्मा उर्फ लालकरन के घर दबिश देकर बिजली के 98 मीटर, 75 मीटर बीजल कंडक्टर वायर, ट्रांसफार्मर का बेस पैनल और 11 केवी के इंसुलेटर बरामद किए थे। बुधवार देर रात प्रवर्तन दल द्वितीय के प्रभारी उप निरीक्षक ने विजिलेंस थाने में संविदाकर्मी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई।
बृहस्पतिवार को तकनीकी टीम ने मीटरों की जांच शुरू की तो पता लगा कि कई ऐसे मीटर हैं जो वर्ष 2019 में जारी किए गए थे। इनमें गड़बड़ी की गई है। सीओ विजिलेंस मीनाक्षी शर्मा ने बताया कि मीटरों के मिलान में तीन से चार दिन लग सकते हैं। प्राथमिक जांच में वर्ष 2019 से अब तक द्वितीय खंड में तैनात रहे जेई, एसडीई और एक्सईएन की भूमिका संदिग्ध पाई गई है। 25 से ज्यादा अफसरों के संरक्षण में यह धंधा चल रहा था। उनके बारे में जानकारी जुटाई जा रही है। जांच के बाद आरोपियों की गिरफ्तारी की जाएगी। गड़बड़ी करोड़ों में हो सकती है।
डीजी विजिलेंस और मुख्यालय ने तलब की रिपोर्ट
डीजी विजिलेंस और पावर कॉरपोरेशन मुख्यालय ने मामले की रिपोर्ट तलब की है। सीओ विजिलेंस ने बताया कि सोमवार तक डीजी विजिलेंस को रिपोर्ट भेज दी जाएगी।
संविदाकर्मी पर अब तक विभागीय कार्रवाई नहीं
आरोपी संविदाकर्मी रोहताश शर्मा के खिलाफ विद्युत निगम के अधिकारियों ने अब तक कोई विभागीय कार्रवाई नहीं की है। बृहस्पतिवार को उसे मुख्य अभियंता के कार्यालय में भी देखा गया। वह एक सफेदपोश की शरण में है। खुद की गर्दन बचाने के लिए कुछ अधिकारी संविदाकर्मी को बचाने की कोशिश कर रहे हैं। आरोपी को बृहस्पतिवार को एक जेई के साथ कार में भी देखा गया। विजिलेंस के छापे के दौरान यह जेई संविदाकर्मी के घर में मौजूद था, लेकिन मौका पाकर भाग गया था। संवाद
अभी विजिलेंस से रिपोर्ट नहीं मिली है। रिपोर्ट मिलने के बाद लाइनमैन समेत संबंधितों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी। - ब्रह्मपाल सिंह, मुख्य अभियंता