चालू वर्ष में नगर निगम ने गृह, सीवर और जलकर की दरें रिवाइज कर दी हैं। नई दरों में करदाताओं को इलाके के सर्किल रेट के हिसाब से अपने मकान का टैक्स अदा करना होगा। रिवाइज रेट के हिसाब से टैक्स लगने से रामपुर गार्डन, सिविल लाइंस, मॉडल टाउन में रहने वालों को राहत मिलेगी। वहीं, परसाखेड़ा इंडस्ट्रियल एरिया के करदाताओं को ज्यादा टैक्स देना होगा। 10 से 20 साल पुराने मकान पर 32.5 प्रतिशत और इससे ज्यादा पुराने मकान पर स्वकर प्रणाली के तहत गणना कर निकाले गए टैक्स पर 40 फीसदी तक की छूट दी जाएगी। 31 जुलाई तक स्वेच्छा से अपना टैक्स जमा करने वाले करदाताओं को टैक्स पर 10 प्रतिशत की अतिरिक्त छूट मिलेगी। नई दरों पर करदाताओं से 15 दिन में आपत्तियां मांगी गई हैं।
नगर निगम की वित्तीय वर्ष 2015-16 में रिवाइज आवासीय टैक्स दरों में तीन कैटेगरी निर्धारित की गई हैं। प्रथम कैटेगरी में 24 मीटर से ज्यादा चौड़े मकान, द्वितीय कैटेगरी में 12 से 24 मीटर चौड़े और तृतीय कैटेगरी में 12 मीटर से कम चौड़े मकानों पर सर्किल रेट के हिसाब से टैक्स की वसूली होगी। बीते साल की तुलना में इस साल शहर के पॉश इलाके रामपुर गार्डन में प्रथम कैटेगरी मकानों पर सर्वाधिक 3.60 रुपये और पुराना शहर के एजाज नगर गौंटिया में सबसे कम 80 पैसे प्रति वर्ग फीट के हिसाब से टैक्स लगेगा। पाश इलाकों में प्रथम कैटेगरी के मकानों पर 60 पैसे, द्वितीय कैटेगरी में 50 पैसे और तृतीय कैटेगरी में 40 पैसे प्रति वर्ग फीट से टैक्स दर कम कर दी गई है। वहीं, परसाखेड़ा इंडस्ट्रियल एरिया में रिवाइज होने से टैक्स की दरें 40 पैसे, 10 पैसे और 20 पैसे प्रति वर्ग फीट बढ़ गई हैं। नई दरों से करदाताओं को 15 से 20 फीसदी राहत का अनुमान लगाया जा रहा है।
रिवाइज दरों से कम देना होगा टैक्स
सिविल लाइंस (वार्ड 36) में 2013-14 2014-15 में
24 मीटर से ज्यादा चौड़े मकानों पर - 3.80 रुपये 3.30 रुपये प्रति वर्ग फीट
12 से 24 मीटर तक चौड़े मकानों पर 2.80 रुपये 2.30 रुपये प्रति वर्ग फीट
12 मीटर से कम चौड़े मकानों पर 2.00 रुपये 1.80 रुपये प्रति वर्ग फीट
रिवाइज दरों से ज्यादा देना होगा टैक्स
परसाखेड़ा (वार्ड 42 में)
24 मीटर से ज्यादा चौड़े मकानों पर 2.50 रुपये 2.90 रुपये प्रति वर्ग फीट
12 से 24 मीटर चौड़े मकानों पर 2.00 रुपये 2.10 रुपये प्रति वर्ग फीट
12 मीटर से कम चौड़े मकानों पर 1.50 रुपये 1.70 रुपये प्रति वर्ग फीट
टैक्स की रिवाइज दरों पर 15 दिन में आपत्तियां मांगी गई हैं। करदाता कंप्यूटर कक्ष में अपनी आपत्तियां लिपिक अमर मसीह, रमा सक्सेना, श्याम मोहन बंसल और रामजीत को दर्ज करा सकते हैं। आपत्तियों पर सुनवाई और निस्तारण चार सदस्यीय कमेटी करेगी।
- ईश शक्ति कुमार सिंह, उप नगर आयुक्त।
टैक्स की खबर का जोड़
कामर्शियल टैक्स आवासीय दरों से ऐसे बढ़ेगा
1- वाणिज्यिक कांपलेक्स, दुकानें, बैंक दफ्तर, कोचिंग, निजी होटल तीन स्टार तक प्रशिक्षण संस्थानों पर - नियत दर का पांच गुना
2-क्लीनिक, पॉली क्लीनिक, डायग्नोरिटक केंद्र, नर्सिंग होम, मेडिकल स्टोर, स्वास्थ्य परिचर्चा केंद्रों पर - नियत दर का तीन गुना
3- क्रीड़ा केंद्र, जिम, शारीरिक स्वास्थ्य केंद्र, थियेटर और सिनेमाघरों पर नियत दर का दो गुना
4- छात्रावास, शैक्षणिक संस्थानों पर - नियत दरों के बराबर
5- वास गृह, वार, पब्स, होटल चार सितारा या उससे ऊपर, माल्स आदि पर नियत दर का छह गुना
6- औद्योगिक इकाइयां, सरकारी, अर्द्धसरकारी, विवाह क्लब, सामुदायिक भवन, कल्याण मंडप, बारातघरों पर - नियत दर का तीन गुना
7- टॉवर, होर्डिंग वाले भवन, टीवी टॉवर, दूर संचार टावरोें पर - नियत दर का चार गुना
ऐसे करें अपने भवन पर टैक्स की गणना
गृह कर = मकान का वार्षिक मूल्य×सामान्य कर की दर
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जल या सीवर कर = मकान का वार्षिक मूल्य× जल या सीवर कर की दर
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100
टैक्स आतंक के विरोध में जारी रहेगा आंदोलन
बरेली। भाजपा की नगर निगम टैक्स विरोधी संघर्ष समिति के अध्यक्ष सतीश रोहतगी ने कहा कि अभी टैक्स आतंक समाप्त नहीं हुआ है। प्रथम चरण में यह आंदोलन सड़क से सदन में हुए महामहिम राज्यपाल तक पहुंचा। अब आंदोलन का द्वितीय चरण होगा। रोहतगी ने कहा कि राज्यपाल निश्चित ही जनता के पक्ष में निर्णय लेंगे। नियम विरुद्ध टैक्स और उस पर लगने वाला ब्याज अवैध है। असंवैधानिक व्यवस्था के तहत जनता पर टैक्स नहीं थोपे जा सकते हैं। सतीश रोहतगी ने कहा कि 13 अप्रैल को भारत सेवा ट्रस्ट में संघर्ष समिति की बैठक बुलाई गई है। इसमें द्वितीय चरण के आंदोलन की रणनीति तय की जाएगी।