बरेली। बरेली के कस्बा सेंथल में जामा-ए-मेहंदिया में मेहंदिया चैरिटेबल अस्पताल का बृहस्पतिवार को शुभारंभ करने आए शिया धर्मगुरु कल्बे जवाद ने कहा कि शिया वक्फ बोर्ड के पहले चेयरमैनों ने वक्फ की संपत्ति को जमकर खुर्दबुर्द किया। वक्फ बोर्ड का चेयरमैन ऐसा होना चाहिए, जिसका पेट भरा हो और शरीफ हो। मुसलमानों से कहा कि बच्चों को दीनी तालीम के साथ दुनियावी तालीम भी दिलाएं। इस्लाम में दोनों तालीमों का होना बहुत जरूरी है। कल्वे जवाद ने कहा कि वक्फ की संपत्ति बचाने के लिए उन्हें मुहिम चलानी पड़ी। इसमें तमाम परेशानियां झेलनी पड़ीं। वक्फ बोर्ड का चेयरमैन ऐसा हो, जिसका पेट भरा हो और शरीफ हो। अगर वह शरीफ है और पेट खाली है तो पहले अपना पेट भरेगा। अगर पेट भरा होगा और शरीफ नहीं होगा तो भी वह लूटखसोट करेगा। मेहंदिया चैरिटेबल अस्पताल से आम लोगों को राहत मिलने की बात कही। बोले, इस अस्पताल में सभी को मुफ्त इलाज मिल सकेगा।
शिया वक्फ बोर्ड के चेयरमैन अली जैदी ने कहा कि वक्फ की हड़पी गई संपत्तियों को वापस लेने का काम किया जा रहा है। कार्यक्रम का संचालन कर रहे जामा मेहंदिया के प्रधानाचार्य रियाज अस्करी ने कहा कि आने वाले कुछ माह में अस्पताल में अल्ट्रासाउंड से लेकर ऑपरेशन तक की सभी सुविधाएं मुफ्त उपलब्ध हो सकेंगी। गरीब लोगों को इलाज के लिए अब बाहर नहीं जाना पड़ेगा। इस दौरान शमीम शम्सी, डॉ. मिर्जा शफीक, मौलाना मजाहिर अली, जौहर अब्बास, आमिर जैदी, फहीम हुसैन, वसीम हैदर, शमीम हुसैन, मंजर अब्बास आदि मौजूद रहे।