हॉकी के नौ, सेपक टाकरा के सात और एथलेटिक्स के आठ खिलाड़ी चाहिए साई सेंटर को
डे-बोर्डिंग एथलेटिक्स महिला खिलाड़ियों के लिए दस ने दिया ट्रायल, दो का होगा चयन
बरेली। साई सेंटर में प्रवेश के लिए ट्रायल के दूसरे और अंतिम दिन शुक्रवार को स्किल टेस्ट के बाद खिलाड़ियों का चयन किया गया। हॉकी और सेपक टाकरा के खिलाड़ियों को मैदान में उतारकर दो टीमें बनाई गईं जिसके बाद उनके गेम स्किल और रणनीति बनाने का आकलन कर उन्हें नंबर दिए गए।
बता दें कि साई सेंटर में हॉकी के सिर्फ नौ खिलाड़ियों की जगह खाली है। साई सेंटर की ओर से ट्रायल के बाद खिलाड़ियों की सूची बनाकर लखनऊ साई सेंटर भेजी गई है। इसमें हॉकी के नौ, एथलेटिक्स में आठ, सेपक टाकरा के सात खिलाड़यों के प्रवेश की संस्तुति की गई है। ट्रायल में हॉकी के लिए 134, सेपक टाकरा के लिए 19 और एथलेटिक्स के लिए 61 खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया।
बरेली साई सेंटर के इंचाज ज्ञानेंद्र सिंह ने बताया कि उनकी तरफ से प्रक्रिया पूरी कर दी गई। अब लखनऊ सेंटर में खिलाड़ियों के नेशनल और स्टेट प्रतियोगिता के सर्टिफिकेट की जांच होगी जिसकेे बाद को ट्रायल में मिले नंबरों के आधार पर उनका चयन किया जाएगा। उन्होंने बताया कि जनवरी के आखिरी हफ्ते में चयनित खिलाड़ियों की सूची जारी कर दी जाएगी। ट्रायल में हिस्सा लेने महाराष्ट्र, राजस्थान, हरियाणा, दिल्ली, बिहार, उत्तराखंड, यूपी और हिमाचल प्रदेश से खिलाड़ी पहुंचे थे।
दो गोलकीपर का होना है प्रवेश
साई स्टेडियम में ट्रायल देने पहुचे 134 हॉकी खिलाड़ियों में सिर्फ आठ गोलकीपर के लिए ट्रायल देने आए थे। साई सेंटर इंचार्ज ने बताया कि सेंटर को सबसे ज्यादा जरूरत गोलकीपर की है लिहाजा इनमें से टॉप तीन खिलाड़ियों का चयन कर लिस्ट लखनऊ भेजी गई है। इसी के बाद खिलाड़ियों का चयन होगा।
दो डे बोर्डिंग महिला एथलेटिक्स खिलाड़ी को मिलेगा प्रवेश
साई सेंटर में डे बोर्डिंग के लिए दस महिला एथलेटिक्स खिलाड़ियों ने ट्रायल में हिस्सा लिया। हालांकि साई सेंटर मेें सिर्फ दो ही महिला एथलेटिक्स खिलाड़ी के लिए रिक्तियां हैं। इनका चयन टॉप स्किल और फिटनेस के आधार पर किया जाएगा।
देश के लिए खेलने का अरमान कई राज्यों से आए खिलाड़ी
गाजीपुर से आया हूं। बैटरी टेस्ट के बाद आज आज स्किल टेस्ट दिया है। देश के लिए खेलने का रास्ता साई से ही होकर गुजरता है। इसीलिए इतनी दूर से आया हूं। - मनीष यादव
राजस्थान से यहां आकर ट्रायल दिया है ताकि एक दिन देश के लिए खेल सकूं। स्किल टेस्ट अच्छा हुआ है। बस चयन हो गया तो सफर काफी आसान हो जाएगा। - विवेक दीक्षित
करमपुर से आकर हॉकी का ट्रायल दिया है। अगर चयन होता है तो एस्ट्रोटर्फ पर अभ्यास करने से खेल काफी बेहतर होगा। साई के माध्यम से देेश के लिए खेलने की राह आसान होगी। - गोविंद भागल
गोंडा से ट्रायल में भाग लेने आया हूं, हॉकी में गोलकीपर बनना है। अगर चयन हो गया तो साई सेंटर में अच्छा अभ्यास और कोचिंग मिलने से बेहतर खिलाड़ी बनना आसान हो जाएगी। - हर्षित
बिहार से आया हूं। चयन हो जाए तो खेलने में आ रही पैसों की समस्या खत्म हो जाएगी। इसके अलावा सेंटर पर अच्छा अभ्यास मिलने के बाद खेल भी काफी सुधरेगा। - कुंदन
बिहार से सेपक टाकरा में चयन के लिए आया हूं। गेम के माध्यम से यहां ट्रायल हुआ है। मुझे अपने चयन की पूरी उम्मीद है क्योंकि मेरा ट्रायल काफी अच्छा हुआ है। - शिवम
बिहार में कई बार स्टेट प्रतियोगिताओं में हिस्सा लिया है। साई सेंटर में चयन पाने के बाद देश के लिए खेलने का सपना पूरा हो सकता है। यह एक अच्छा मौका है। - अविनव