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मजहब और नाम बदला, पर नहीं मिला प्यार

Thu, 25 Feb 2016 02:22 AM IST
बरेली
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बरेली। इज्जतनगर इलाके की एक लड़की रेलवे कॉलोनी में रहने वाले दूसरे समुदाय के युवक जसवंत से शादी करने के लिए मजहब से साथ अपना नाम बदलकर यशी बन गई। उसने भी मंदिर में लड़की की मांग भरकर जिंदगी भर साथ निभाने का वादा किया। उसे कई साल पत्नी की तरफ रखने के बाद अब दूसरी शादी करने की बात कर रहा है। पीड़िता की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए एसपी देहात यमुना प्रसाद ने आरोपी को उठवा लिया। जसवंत को पुलिस ने बैठा रखा है, लेकिन वह लड़की को अपने साथ रखने को तैयार नहीं है।
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रेलवे कॉलोनी, इज्जतनगर निवासी जसवंत ने के घर दूध लेने जाता था। इस दौरान दोनों की मुलाकात हो गई। लड़की ने एसपी देहात यमुना प्रसाद को बताया कि शादी का झांसा देकर जसवंत उसका यौन शोषण करता रहा। उसने शादी के लिए जोर दिया तो मां से मिलवा दिया। इसके बाद उसने फिर से शादी को दबाव बनाया तो उसने धर्म परिवर्तन कराने के बाद उसका नाम बदलकर यशी रखकर 21 अप्रैल 2014 को आर्य समाज मंदिर में शादी कर ली। शादी के फोटो भी खिंचवाए गए। उसे जल्द ही घर में रखने का झांसा दे दिया। 9 जनवरी को जसवंत ने उसे एक होटल में बुलाकर उसके साथ जबरन शारीरिक संबंध बनाए और कह दिया तुझसे मेरा कोई वास्ता नहीं है। परिवार वाले जसवंत की बृहस्पतिवार को दूसरी जगह शादी करना चाह रहे हैं। उसने जसवंत से मिलकर शादी का विरोध किया तो मारपीट करके भगा दिया। एसपी देहात के आदेश पर महिला थाने की एसओ ने चौकी इंचार्ज बैरियर वन प्रवीन सिंह के साथ आरोपी को दबिश देकर घर से उठा लिया, लेकिन वह शादी के लिए तैयार नहीं है। लड़की को पुलिस ने परिवार वालों को बुलाकर उनकी सुपुर्दगी में दे दिया है। प्रभारी निरीक्षक रामगोपाल शर्मा ने बताया कि एसओ महिला थाना ही इस पूरे मामले को देख रही हैं। हमारा कोई मतलब नहीं है।

आखिर क्या छिपाना चाहती हैं
-महिला थाने की एसओ विजय सिरोही का इस मामले में रवैया ठीक नहीं रहा। एसपी देहात ने उन्हें इस मामले की जांच कर कार्रवाई करने के आदेश दिए, लेकिन वह पूरे मामले को छुपाने में लगी रहीं। उनका कहना था कि मुझे इस संबंध में कोई जानकारी ही नहीं है। पीड़िता की मदद के लिए गई महिला के साथ भी उनका व्यवहार अच्छा नहीं रहा। पीड़िता को भी एसओ ने अपना दर्द बताने पर कई बार हड़का दिया।   
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