बरेली। जिले के जनप्रतिनिधियों ने प्रकाश व्यवस्था व सीसी रोड पर सर्वाधिक निधि खर्च की है। जिले के नौ विधायकों व दो विधान परिषद सदस्यों (एमएलसी) को विकास कार्य कराने के लिए प्रतिवर्ष पांच करोड़ रुपये दिए जाते हैं। इसके तहत प्रतिवर्ष जिले को 55 करोड़ रुपये प्राप्त होते हैं। वित्त वर्ष 2024-25 में इसमें से 53 करोड़ तो 2025-26 में 41.45 करोड़ रुपये खर्च किए गए।
वित्त वर्ष 2024-25 में पथ प्रकाश पर 15.84 करोड़, सीसी रोड पर 16.14 करोड़, शेडों के निर्माण पर 3.62 करोड़, डामर कार्य पर 2.52 करोड़ रुपये खर्च किए गए। इंटरलाकिंग पर 2.57 करोड़, सोलर लाइट पर 2.49 करोड़, संपर्क मार्ग पर 1.26 करोड़, स्कूलों में स्मार्ट क्लास व आधुनिकीकरण के लिए 5.31 लाख रुपये, नाला नाली पर 17.20 लाख, शवदाह गृह व श्मशान पर 37.99 लाख, बरातघर व रैन बसेरों पर 2.52 करोड़ रुपये खर्च किए गए। सार्वजनिक शौचालयों पर 3.71 लाख, तालाब के निर्माण पर 12 लाख रुपये खर्च किए गए।
वर्ष 2025-26 में पथ प्रकाश पर 13.73 करोड़, सीसी रोड पर 14.11 करोड़, इंटरलाकिंग पर 97 लाख, सोलर लाइटों पर 2.42 करोड़, जलापूर्ति व स्वच्छता पर 69 लाख, विद्युत कार्य पर 28.54 लाख, भवन निर्माण पर 4.41 लाख, संपर्क मार्गों पर 1.31 करोड़, शेडो के निर्माण पर 1.33 करोड़, पुलिया व पुलों के निर्माण पर 1.87 लाख, असाध्य रोगों के इलाज पर 20 हजार रुपये खर्च किए गए। स्मार्ट क्लास पर 16.40 लाख, नाला-नाली निर्माण पर 10.73 लाख, शवदाह गृह व श्मशान पर 9.54 लाख, बरातघर पर 54.18 लाख, सार्वजनिक शौचालय पर 16.40 लाख रुपये खर्च किए गए। डीआरडीए के पीडी चंद्र प्रकाश श्रीवास्तव ने बताया कि जनप्रतिनिधियों के प्रस्ताव पर ही विकास कार्य कराए जाते हैं।