हरुनगला उपकेंद्र पहुंचे एमडी
स्विच यार्ड में गंदगी देख भड़के
- बकायेदारों की सूची भी नहीं दे पाए अधिकारी
अमर उजाला ब्यूरो
बरेली। प्रबंध निदेशक मध्यांचल विद्युत निगम अचानक हरुनगला उपकेंद्र पहुंचे, वहां स्विच यार्ड में गंदगी, तकनीकी खामियां, अव्यवस्था मिली और बिल बकायेदारों की सूची मांगने पर अधिकारी रजिस्टर नहीं तक नहीं दे पाए। इस पर उन्होंने नाराजगी जताई। पांच किलोवाट से अधिक भार वाले उपभोक्ताओं से शत प्रतिशत राजस्व वसूली और नए कनेक्शन लेने को आवेदन करने वालों का अलग रजिस्टर बनाने के निर्देश दिए।
शुक्रवार शाम अचानक एमडी संजय गोयल विभागीय वीडियो कांफ्रेंसिंग कर दलबल सहित हरुनगला उपकेंद्र पहुंचे। स्टाफ उनके आगमन से अनभिज्ञ थे, इसलिए पहले से कोई तैयारी नहीं कर पाया। एमडी सीधे स्विच यार्ड पहुंचे। गंदगी और ऊंची घास देकर भड़क गए, उन्होंने पूछा कि कब से सफाई नहीं हुई है? इसके बाद कार्यालय में उन्होंने बकायेदारों की सूची और बकाये में काटे जाने वाले कनेक्शन की सूची मांगी तो अफसर बगले झांकने लगे। तमाम उपभोक्ताओं को बिल नहीं पहुंचने अथवा गलत मिलने पर नाराजगी जताते हुए बिल सुधार कार्य पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि स्विच यार्ड में सफाई आदि नहीं होना लापरवाही है। एमडी ने स्विच यार्ड में प्रोटेक्शन संबंधी उपकरण लगाने और बकायेदारों की सूची बनाने को कहा। नया कनेक्शन लेने वालों के लिए अलग से रजिस्टर भी बनाया जाए और उसमें कनेक्शन नहीं देने आदि का ब्योरा भी लिखा जाए। एमडी ने फाल्ट और लाइन लॉस कम करने पर भी जोर दिया। जेई का कामकाज सही पाया गया। चीफ इंजीनियर तारिक मतीन, एसई शहर एनके मिश्रा एक्सईएन अनिल कुमार ने स्थिति से अवगत कराया।
बिजली मांगी तो मिली गाली
बरेली। ऊर्जामंत्री और पॉवर कारपोरेशन प्रबंध निदेशक लगातार कर्मियों से उपभोक्ताओं से सही व्यवहार करने का आग्रह कर रहे हैं, लेकिन आदत से मजबूर कर्मी कुछ भी सुनने को तैयार नहीं। कर्मपुर चौधरी निवासी दिलीप रस्तोगी ने इज्जतनगर उपकेंद्र के जेई से सुबह से ही सप्लाई ठप होने की समस्या बताई, जेई ने समस्या सुनने की जगह गालियां देना शुरू कर दिया। भाजपा नेता गुलशन आनंद तक वार्तालाप का आडियो टेप पहुंचा तो उन्होंने केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार तक मामला पहुंचा। उनका कहना है कि ऐसे कर्मी सरकार बदनाम करना चाहते हैं।