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तेंदुए के शरीर में अंदरूनी चोटें, एक हड्डी भी फ्रैक्चर, पोस्टमार्टम रिपोर्ट में खुलासा

Sat, 10 Nov 2018 02:30 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पीलीभीत
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तेंदुए के शव का पोस्टमार्टम - फोटो : अमर उजाला
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पीलीभीत में तेंदुए के शव का पोस्टमार्टम शुक्रवार को माला रेंज के कैंपस में किया गया। जहां आईवीआरआई के पैनल की गैर मौजूदगी में तीन सदस्यीय पशु चिकित्सक के पैनल ने तेंदुए के शव का पोस्टमार्टम किया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में तेंदुए के शरीर में अंदरूनी चोटें पाई गईं। एक हड्डी में फ्रैक्चर भी मिला है। फिलहाल संघर्ष की स्थिति स्पष्ट करने के लिए शरीर के कुछ और अंगों को सुरक्षित रखा गया है।
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तेंदुए के शव को रात भर पीटीआर के मुख्यालय पर फ्रीजर में रखा गया। इधर शुक्रवार करीब दस बजे अधिकारियों की निगरानी में तेंदुए के शव को पीटीआर से माला रेंज के कैंपस ले जाया गया। 

जहां एनटीसीए के प्रोटोकाल के तहत बरेली के वन संरक्षक पीपी सिंह की मौजूदगी में डब्ल्यूटीआई के पशु चिकित्सक डॉक्टर दक्ष गंगवार, राजुल सक्सेना व सुनील राठौर के पैनल ने तेंदुए के शव का पीएम किया। 
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पीएम रिपोर्ट में तेंदुए के शरीर में अंदरूनी चोटें पाई गई हैं। इसके अलावा शरीर की एक हड्डी भी टूटी मिली है। जिसके चलते आपसी संघर्ष में तेंदुए की मौत होने की ओर ही चिकित्सक इशारा कर रहे हैं। इस दौरान फील्ड डायरेक्टर एच राजा मोहन, डिप्टी डायरेक्टर आदर्श कुमार, डब्ल्यूडब्ल्यूएफ के नरेश कुमार समेत वन अधिकारी मौजूद रहे।
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तेंदुए की पीएम रिपोर्ट में अंदरूनी चोटों के आने से मौत का कारण प्रथम दृष्ट्या आपसी संघर्ष निकला है, लेकिन तेंदुए की मौत टकराकर हुई या किसी वन्यजीव के संघर्ष से, इसको स्पष्ट करने के लिए तेंदुए के शरीर के कुछ अंग सुरक्षित किए गए हैं। जिसको जांच के लिए आईवीआरआई बरेली भेजा जाएगा। 

डिप्टी डायरेक्टर, टाइगर रिजर्व आदर्श कुमार ने बताया कि अधिकारियों की मौजूदगी में तेंदुए के शव का पीएम तीन डॉक्टरों के पैनल ने किया है। पीएम रिपोर्ट में तेंदुए के शरीर में अंदरूनी चोटें और एक हड्डी भी फ्रैक्चर मिली है। 

जो आपसी संघर्ष की ओर इशारा कर रही है। संघर्ष की स्थिति को स्पष्ट करने के लिए कुछ अंग को सुरक्षित कर जांच के लिए भेजा जा रहा है। इस संबंध में वन अपराध के तहत विभागीय केस दर्ज कर जांच भी शुरू की गई है।
 
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