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जानना चाहते हैं सरकार! भगवत-रविंद्र से शहला को खतरा क्यों है

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बरेली। नवाबगंज नगर पालिका की चेयरमैन शहला ताहिर ने मुख्यमंत्री कार्यालय के बाद अब राजस्व परिषद के अध्यक्ष को पत्र लिखकर भाजपा जिलाध्यक्ष रविंद्र सिंह राठौर और उनके परिवार को भूमाफिया बताया है। उन्होंने शिकायत की है कि भाजपा नेता के साथ पूर्व मंत्री भगवत सरन गंगवार भी जमीनों के खेल में दांव लगा रहे हैं। इस खेल में आड़े आने की वजह से उनकी जान तक खतरे में हैं। राजस्व अध्यक्ष प्रवीर कुमार ने डीएम को इस शिकायत पर जांच का आदेश देते हुए दो सप्ताह में रिपोर्ट मांगी है।
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शहला ताहिर ने इस बार भाजपा जिलाध्यक्ष रविंद्र सिंह राठौर पर बड़ा हमला बोला है। शहला ने उन्हें भूमाफिया बताते हुए पूर्व मंत्री भगवत सरन गंगवार को भी जमीन कब्जाने वालों का संरक्षक बताया है। शहला ने भाजपा अध्यक्ष और उनके परिजनों के अलावा कई लोगों पर भूमाफिया होने की तोहमत मढ़ी है। आरोप लगाया है कि नगर पालिका क्षेत्र में भूमाफिया, दबंग पूर्व मंत्री भगवत सरन गंगवार और भाजपा जिलाध्यक्ष रविंद्र सिंह राठौर का संरक्षण प्राप्त 150 गिरोहबंद शातिर अपराधियों ने सरकारी जमीनों और तालाबों पर कब्जा कर निर्माण कराया है। शहला ने लिखा है कि ये दबंग लोग उनकी हत्या कराना चाहते हैं। स्थानीय प्रशासन भी उनका कोई सहयोग नहीं मिल रहा है। दबंग भूमाफिया किस्म के लोगों से सुरक्षा के लिए उन्होंने दो पुलिस अंगरक्षक भी मांगे है। गौर करने वाली बात यह भी है कि शहला में अपने शिकायती पत्र में रविंद्र सिंह राठौर को भाजपा नेता या जिलाध्यक्ष नहीं लिखा है।
पिछले दिनों भी शहला ने मुख्यमंत्री कार्यालय के साथ शासन को भी कई पत्र भेज कर इन दोनाें से अपनी जान का खतरा बताया था। उन्होंने पिछले दिनों प्रगतिशील समाजवादी पार्टी (लोहिया) के प्रमुख और पूर्व मंत्री शिवपाल सिंह यादव के माध्यम से मुख्यमंत्री के चर्चित प्रमुख सचिव एसपी गोयल से भी पत्र जारी कराया था। इसके बाद प्रमुख सचिव अरविंद कुमार ने जिला प्रशासन से जांच कराने और शहला को सुरक्षा उपलब्ध कराने संबंधी समीक्षा करने के निर्देश दिए थे। अभी तक सुरक्षा देने संबंधी फाइल प्रशासन में घूम रही है।
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खुद दलदल में फंसी भ्रष्टाचारी शहला दूसरों
को भी खींचने के चक्कर में: भगवत
वरिष्ठ सपा नेता और पूर्व मंत्री भगवत सरन गंगवार ने कहा है कि शहला ताहिर खुद कई गंभीर मामलों में फंसी हुई हैं। भ्रष्टाचार के दलदल में फंसी शहला अपने बचाव के लिए दूसरों पर भी कीचड़ उछाल रही हैं। सपा सरकार में वह ऐसी ही झूूठी शिकायतें करके शासन और प्रशासन को गुमराह करती रही थीं। उस समय वह खुद सपा में थीं, आजकल वह पूर्व मंत्री शिवपाल सिंह यादव की बनाई पार्टी प्रगतिशील समाजवादी पार्टी लोहिया में है।

खुद भूमाफिया अफसरों को गुमराह करके दूसरों को कर रही बदनाम: रविंद्र सिंह
नवाबगंज में शहला ताहिर से बड़ा कौन भूमाफिया होगा। पब्लिक सब जानती है। शासन और प्रशासन को झूठ का पुलिंदा सौंपने से असली तथ्य नहीं बदले जा सकते हैं। हम खुद नवाबगंज नगर पालिका में हुए गड़बड़ियों की जांच कराने के लिए लिख चुके हैं। सरकार खजाने का धन निकालने के साथ कई जमीनों की हेराफेरी में शामिल शहला ताहिर जब हर तरफ से घिर चुकी हैं। जांच में सब कुछ साफ हो जाएगा। घपलों में फंसी शहला अफसरों को गुमराह कर पत्र लिखवा देती हैं।

सभासदों का हमला- शहला जानें सिर्फ गोलमाल करना
नवाबगंज। नगर पालिका अध्यक्ष शहला ताहिर पर अब सभासदों ने भी तमाम आरोप मढ़ दिए हैं। ईओ राजेश सक्सेना को दिए ज्ञापन में सभासदों ने उन पर बोर्ड को जानकारी दिए बिना कई मदों से पैसा निकालकर खर्च कर लेने और विकास कार्यों में गोलमाल का आरोप लगाया है।
सभासदों का कहना है कि शहला ने बोर्ड की बिना सहमति 25 वार्डों को ओडीएफ घोषित कर दिया। हाल में हुई बोर्ड बैठक की कार्य योजना भी उनके सम्मुख नहीं रखी गई। पालिकाध्यक्ष ने 15 लोगों की फर्जी नियुक्ति कर ली है। शौचालय के नाम पर भी फर्जी तरीके से पैसा निकाला गया है। पालिकाध्यक्ष की हठधर्मिता से सफाई व्यवस्था ठप पड़ी है। नाले चोक है और कूडे़ के ढेर लगे है। सभासदों ने मांग की है कि ईओ की अध्यक्षता में बोर्ड की बैठक कराकर कार्ययोजना तैयार की जाए। ज्ञापन देने वालों में सीमा गुप्ता, सोनू राठौर, राजकुमार, रेहाना बेगम, नवनीत गंगवार, अकील अहमद, जुबैदा बेगम, तारिक, जलील अहमद सोमवती आदि शामिल थे। हालांकि इसी बीच एक सभासद ने पुलिस को सूचना दी कि ईओ ज्ञापन पर सभासदों के जबरन हस्ताक्षर करा रहे हैं, जिससे विवाद हो सकता है। चौकी इंचार्ज जयपाल सिंह मौके पर जाकर जांच की तो शिकायत झूठी निकली।

नगर पालिका परिषद के सभासदों ने बिगड़ी सफाई व्यवस्था, फर्जी तरह से धनराशि निकालने की शिकायत करते हुए बोर्ड की बैठक कराने को ज्ञापन सौंपा है। किसी से जबरन हस्ताक्षर नहीं कराए गए, आरोप निराधार है। - राजेश सक्सेना, अधिशासी अधिकारी, नवाबगंज
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