बरेली। सेटेलाइट बस अड्डे पर पार्सल ठेकेदार भाइयों पर फायरिंग के मामले में आरोपियों तक पहुंचने के लिए पुलिस सर्विलांस का सहारा ले रही है। इस बीच पुलिस तमंचा मुहैया कराने वाले तक पहुंच गई है। एक-दो दिन में वह पुलिस गिरफ्त में होगा।
सेटेलाइट बस अड्डे पर बसों में लगेज और पार्सल लोडिंग-अनलोडिंग करने वाले ठेकेदार भाइयों पर कुली नौबत ने 11 फरवरी को फायरिंग कर दी थी। इसमें ठेकेदार अतुल पांडेय घायल हो गए थे और उनके भाई अनुज पांडेय की मौत हो गई थी। बारादरी थाने में नौबत यादव, उसके साले दिनेश यादव, राजन, कामदेव, नन्हे, इसरार और सुनील के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। नौबत को गिरफ्तार कर पुलिस जेल भेज चुकी है, लेकिन अन्य आरोपी अब भी पुलिस पकड़ से दूर हैं। पुलिस सभी आरोपियों के मोबाइल फोन की सीडीआर भी खंगाल रही है।
जांच के दौरान पुलिस उस व्यक्ति तक पहुंच गई है, जिससे नौबत ने तमंचा खरीदा था। इधर, अतुल पांडेय का लखनऊ के अस्पताल में इलाज चल रहा है। उसकी हालत अब भी गंभीर है। इंस्पेक्टर बारादरी धनंजय पांडेय ने बताया बाकी आरोपियों को भी जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा। नौबत यादव ने जिस व्यक्ति से तमंचा खरीदा था, उसकी पहचान हो गई है। संवाद
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गोली मारने का वीडियो हुआ वायरल
सेटेलाइट बस अड्डे पर ठेकेदार भाइयों को गोली मारने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इसमें साफ दिख रहा है कि ठेकेदार के केबिन में नौबत घुसता है और तमंचा निकालकर सीधे फायरिंग कर देता है। अनुज पांडेय के सीने में गोली लगती है और वह गिर जाते हैं। हालांकि, अमर उजाला इस वायरल वीडियो की सत्यता की पुष्टि नहीं करता है।