बरेली। प्रदेश की योगी सरकार के आठ साल पूरे होने को सुशासन बताकर जश्न मनाया जा रहा है। इसी कड़ी में बरेली पुलिस ने भी आठ साल के अपराध संबंधी आंकड़े जारी किए हैं। इस अवधि में लूट-डकैती जैसे अपराध में भारी कमी का दावा किया गया है। एसएसपी अनुराग आर्य का दावा है कि अपराधियों पर लगातार पुलिस का चाबुक चल रहा है।
एसएसपी कार्यालय से जारी आंकड़ों पर गौर करें तो आठ साल में जिले में अपराध में काफी कमी आई है। आठ वर्षों में डकैती में 83 प्रतिशत, लूट में 90 प्रतिशत, शस्त्र चोरी में शत प्रतिशत, हत्या में 37 प्रतिशत, दहेज हत्या में 23 प्रतिशत, गैर इरादतन हत्या में 48 प्रतिशत, हत्या की कोशिश में तीन प्रतिशत, बलवा में 16 प्रतिशत और गोहत्या में 84 प्रतिशत की कमी आई है। इन आठ वर्षों में जिले की पुलिस अपराधियों से 261 मुठभेड़ कर चुकी है। इस दौरान 768 अपराधियों को पकड़ा जा चुका है। उनमें से 189 अपराधियों को गोली लगी और तीन अपराधी मारे गए।
बारादरी पुलिस ने खोली सर्वाधिक हिस्ट्रीशीट
- पूरे जिले में 562 अपराधियों की नई हिस्ट्रीशीट खोली गई। इसमें सबसे ज्यादा हिस्ट्रीशीट बारादरी में 45, शेरगढ़ में 35, बहेड़ी में 32, सिरौली में 29 और आंवला में 28 हिस्ट्रीशीट खोली गई हैं। इसके अलावा 156 गैंग में गोकशी के 56, लूट के 34, डकैती के 18 और मादक पदार्थों की तस्करी के गिरोह पंजीकृत हैं। इनमें कुल 736 सदस्य पंजीकृत हैं। ब्यूरो
अपराधियों से कोई रियायत नहीं
- शासन की मंशा के अनुरूप पुलिस काम कर रही है। शायद यही वजह है जो जिले में कई श्रेणी के अपराध में बड़ी कमी आई है। साइबर और ठगी संबंधी अपराध बढ़े हैं तो पुलिस इन पर भी प्रभावी तरीके से अंकुश लगाने में जुटी है। बड़े अपराधियों पर ताबड़तोड़ कार्रवाई की जा रही है। तस्करों की संपत्ति जब्त करने और एनडीपीएस जैसी कार्रवाई करने में भी बरेली पुलिस सबसे आगे है। - अनुराग आर्य, एसएसपी