बरेली। गुरु नानक देव के 550वें प्रकाश पर्व के उपलक्ष्य में सुभाष नगर गुरुद्वारे में मुख्य कीर्तन दरबार सजाया गया, जिसमें रागी भाई लवनीत सिंह ने सबद कीर्तन करके संगत को निहाल किया। इसके साथ ही एक सप्ताह से निकल रही प्रभात फेरी का समापन हो गया।
धन धन साहिब गुरुनानक देव जी के 550वें प्रकाश पर्व के उपलक्ष्य में सुभाष नगर गुरुद्वारा श्री गुरु सिंह सभा में रात आठ बजे मुख्य कीर्तन दीवान सजाया गया, जिसमें प्रसिद्ध रागी तवनीत सिंह चंडीगढ़ वालों ने मैं मूरख की केतक बात है, कोटि पराधी तरिआ रे, सबद कीर्तन कर संगत को निहाल किया।
इस दौरान कथा वाचक दयाकरन सिंह ने कहा कि ईमानदारी की कमाई करो, हर समय प्रभु को याद करो और जरूरत मंदों की मदद करो, जात भेदभाव का वितकरा छोड़कर सब में प्रभु की जोत को पहचानो। सुभाष नगर गुरुद्वारे में एक सप्ताह से निकल रही प्रभात फेरी का इसी के साथ समापन हो गया। प्रभात फेरी सुबह छह बजे ढोल बैंड बाजों के साथ निकलकर सुभाष नगर क्षेत्र में घूमकर दस बजे गुरुद्वारे में समाप्त हुई।
सुभाष नगर की स्त्री सत्संग की महिलाओं ने कीर्तन की हाजिरी दी। ज्ञानी दशमेश सिंह ने अरदास करके समाप्ति की। कमेटी के अध्यक्ष सुरिंदरजीत सिंह छाबरा और महासचिव साहिब होरा ने प्रभात फेरी और नगर कीर्तन में सेवा करने वालों को बच्चों व बड़े महिलाओं को गुरु घर की बक्शीश देकर सम्मानित किया। उसके बाद आनंद साहिब जी का जाप करके अरदास के बाद कीर्तन दीवान की समाप्ति की गई। अंत में गुरु अटूट लंगर बरताया गया। इस अवसर पर परदमन सिंह, हरप्रीत सिंह गोलू, हरभजन सिंह मोंगा, गुरचरन सिंह कोहली आदि उपस्थित थे।