जिले को जाम से निजात दिलाने के लिए डीएम ने पहल शुरू की है। देर रात कैंप कार्यालय पर हुई बैठक के दौैरान एसडीएम और सीओ को संयुक्त रूप से जाम वाले स्थानों का चिन्हांकन कर वहां के यातायात को व्यवस्थित कराने में पहल करने के निर्देश दिए। महानगर में यह जिम्मेदारी एडीएम सिटी, एसपी सिटी, एसपी ट्रैफिक और नगर निगम को सौंपी गई है। इन अधिकारियों से एक सप्ताह में जाम के स्थानों का चिन्हांकन करने को कहा है।
डीएम सुरेंद्र सिंह ने बताया कि निकाय वर्तमान वित्तीय संसाधनों से जाम से निपटने का विकल्प तैयार करें। सबसे ज्यादा फोकस बरेली महानगर को जाम से निजात दिलाने पर रहा। उन्होंने कहा कि स्थाई समाधान के लिए तो पुल बनते रहेंगे लेकिन फिलहाल अस्थाई समस्या का समाधान हो।
मनरेगा में गोलमाल रोकने के उद्देश्य से डीएम ने कहा कि पुराने तालाब की खुदाई कराके उसके नाम से इस राशि को ठिकाने न लगाए। समतल भूमि वाली ग्राम पंचायत की जमीन पर नए सिरे से तालाब खुदवाएं। इन तालाब को खुदवाने से पहले एसडीएम और बीडीओ सत्यापन कर लें। इसी तरह बृक्षारोपण के बारे में निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायत की बंजर भूमि में सामान्य नहीं बल्कि फलदार पौधे लगाए जाए। ऐसा होने से भविष्य में ग्राम पंचायत की बागवानी बढ़ेगी और आमदनी का जरिया भी बनेगा। अवैध कब्जे से चरागाह तथा बड़ी जमीनों को मुक्त कराने का अभियान चलाएं। बैठक मेें एसडीएम, एडीएम, लोक निर्माण तथा अन्य विभागों के अधिकारी मौजूद थे।