मीरगंज। मौसम में उतार-चढ़ाव से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) की ओपीडी में सोमवार को मरीजों की संख्या बढ़ गई। 400 मरीजों ने नए पर्चे और 250 मरीजों ने पुराने पर्चे पर परामर्श लिया। अधिकतर मरीजों को खांसी-बुखार की समस्या रही।
चिकित्साधीक्षक डॉ. वैभव राठौर ने बताया कि सोमवार को नए मरीजों की संख्या 400 पहुंच गई। 250 मरीजों को पुराने पर्चे पर परामर्श दिया गया। सामान्य दिनों में ओपीडी का आंकड़ा 200-250 होता है। मरीजों को दवाओं का वितरण किया गया। अधिकतर मरीजों को सर्दी, बुखार और खांसी की समस्या रही। इन दिनों ये समस्याएं अधिक हो रही हैं। उन्होंने मरीजों और सभी कर्मचारियों को एहतियात बरतने की सलाह दी है। उन्होंने लोगों को पूरी आस्तीन के कपड़े पहनने, रात में मच्छरदानी का प्रयोग करने, समय-समय पर जांच करवाने और सर्दी, बुखार और खांसी के लक्ष्ण मिलने पर चिकित्सक से परामर्श लेने की अपील की है। वहीं, स्वास्थ्य विभाग ने भी गांवों में मच्छरों से बचाव के लिए दवा का छिड़काव करवाया है।
आयुष्मान कार्ड बनवाने में रुचि नहीं ले रहे लोग
हाफिजगंज। क्षेत्रवासी आयुष्मान कार्ड बनवाने में रुचि नहीं ले रहे हैं। कस्बे में 1,100 लोगों ने अबतक आयुष्मान कार्ड नहीं बनवाए हैं। हाफिजगंज के सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. प्रदीप कुमार ने बताया कि गांव में जगह-जगह शिविर लगाकर आयुष्मान कार्ड बनवाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। ग्राम प्रधान के घर और सीएचसी पर भी जानकारी की सूची चस्पा कर दी गई है। अंगूठा लगाकर और मोबाइल नंबर से सत्यापन होने के बाद आयुष्मान कार्ड बन जाते हैं। कई जगह शिविर और घरों तक जाकर 600 लोगों के कार्ड बनवाए हैं लेकिन अभी भी 1,100 लोगों के कार्ड नहीं बने हैं। सूची के आधार पर लोगों की तलाश की जा रही है। उनके भी कार्ड बनवाने की कवायद है। संवाद