एडीएम ने अतहर हुसैन को दिया था मालिकाना हक
बताया जा रहा है कि यह शत्रु संपत्ति खतौनी फसली वर्ष 1425-30 में पाकिस्तान निवासी मोहम्मद उल्ला खां के छह बेटों के नाम दर्ज है। फिर 16 अप्रैल 1984 और 17 अप्रैल 1987 को इंचार्ज शत्रु संपत्ति ने राजस्व अभिलेखों में इन छह लोगों के नाम खारिज कर जमीन शत्रु संपत्ति के रूप में दर्ज करने का आदेश जारी किया था।
वर्ष 2000 में एडीएम के यहां से राजस्व अभिलेख में शत्रु संपत्ति का नाम खारिज कर अतहर हुसैन का नाम दर्ज करने का आदेश जारी हुआ था। हालांकि, एडीएम के इस आदेश को 24 साल बाद 28 मई 2025 को मंडलायुक्त ने निरस्त किया है। अब राजस्व अभिलेख में जमीन फिर शत्रु संपत्ति के नाम से दर्ज हो गई है।
एसीएम-द्वितीय/जांच अधिकारी विजय सिंह ने बताया कि शाहदाना हॉस्पिटल शत्रु संपत्ति पर बना है। इसकी पुष्टि तहसीलदार सदर ने की है। अब कार्रवाई के लिए रिपोर्ट प्रभारी अधिकारी को भेज दी है।
एडीएम सिटी/प्रभारी अधिकारी शत्रु संपत्ति सौरभ दुबे ने बताया कि जांच रिपोर्ट अभी देखी नहीं है। हॉस्पिटल शत्रु संपत्ति पर बना है तो उसे नोटिस देंगे। शत्रु संपत्ति अभिरक्षक कार्यालय लखनऊ को जानकारी देकर अन्य कार्रवाई की जाएगी।