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ऑनर किलिंग: गहरी नींद में सोए थे सभी, मां-बेटे ने गुलफरा को दी खौफनाक मौत

Fri, 19 Mar 2021 12:01 PM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, बदायूं
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पुलिस की गिरफ्त में आरोपी भाई - फोटो : अमर उजाला
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उत्तर प्रदेश के बदायूं जिले के अलापुर इलाके के सखानू में 12 मार्च को तालाब से बरामद बोरी में बंद युवती के शव का मामला ऑनरकिलिंग का ही निकला। युवती की हत्या दूसरे समुदाय के युवक से संबंध रखने पर उसके सगे भाई और मां ने की थी। उन्होंने पहले दुपट्टे से उसका गला घोटा और बाद में ईंट से सिर कुचलकर हत्या कर दी। फिर शव को तालाब में फेंक दिया था। पुलिस ने युवती के भाई को जेल भेज दिया है। मां पकड़ में नहीं आई है। 
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बृहस्पतिवार को हत्याकांड का खुलासा करते हुए अलापुर इंस्पेक्टर ओपी गौतम ने बताया कि 12 मार्च को सखानू कस्बे के वार्ड नंबर एक में स्थित तालाब से एक युवती का बोरी में बंद शव बरामद हुआ था। युवती 22 साल की गुलफरा थी। उसके पिता शानेरजा को थाने बुलाकर पूछताछ की गई लेकिन उसने शव को पहचानने से मना कर दिया था। दूसरे दिन उसने शव की पहचान कर ली। 

परिवारवाले शुरुआत से ही शक के दायरे में थे। उनके बारे में एक-एक जानकारी जुटाई गई। उनकी लोकेशन खंगाली गई। इस दौरान पता चला कि गुलफरा का छोटा भाई फैजान जो 26 फरवरी को दिल्ली जाने की बात कहकर घर से निकला था लेकिन वह दिल्ली नहीं गया था। वह तीन मार्च की रात दिल्ली निकल गया। 
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बृहस्पतिवार सुबह उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की गई, तो उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया। बताया कि उसने और उसकी मां नाजमीन ने तीन मार्च की रात दुपट्टे से गुलफरा का गला घोट दिया था। इससे नहीं मरी तो उन्होंने ईंट से उसका सिर कुचल दिया। फिर उसकी लाश एक बोरी में बंद करके घर के पीछे स्थित तालाब में फेंक दी।

पिता और छोटी बहन को बेहोश करके की थी युवती की हत्या

सखानू के ऑनर किलिंग के मामले में मां और भाई के अलावा किसी और के शामिल होने के साक्ष्य नहीं मिले हैं। पुलिस के अनुसार परिवार के अन्य लोगों को इसकी भनक नहीं लगे। इसके लिए मां ने नशीला पदार्थ डालकर चाय बनाई थी। ये चाय युवती के पिता और उसकी छोटी बहन को दी गई। उनके बेहोश होने पर युवती की हत्या कर दी गई।

गुलफरा की हत्या करने की योजना मां नाजमीन और भाई फैजान ने बनाई थी। दरअसल युवती जनवरी में सखानू के ही दूसरे समुदाय के युवक के साथ चली गई थी। इस संबंध में परिवारवालों ने एफआईआर दर्ज कराई थी। काफी खोजबीन के बाद युवती बरामद हो गई। पुलिस ने उसे न्यायालय में पेश किया तो उसने परिवारवालों के साथ जाने की इच्छा जताई। तभी से युवती अपने घर रह रही थी लेकिन उससे नाजमीन और फैजान नाराज थे। 

बदनामी छिपाने के लिए उन्होंने युवती की हत्या की साजिश रची। तीन मार्च को फैजान कस्बे के एक मेडिकल स्टोर से नशीली गोलियां लेकर आया। उस रात घर में नाजमीन, फैजान, पिता शाने रजा और गुलफरा के अलावा उसकी छोटी बहन थी। शाने रजा और उसकी छोटी बहन को इसका पता न चले। इससे रात करीब दस बजे उन्हें चाय दी गई, जिससे दोनों गहरी नींद में सो गए। उसके बाद मां-बेटे ने गुलफरा की हत्या कर दी। वह चीखी चिल्लाई थी लेकिन किसी ने उसकी आवाज नहीं सुनी।

दफिने में शामिल नहीं हुआ था फैजान
12 मार्च को तालाब से युवती का शव बरामद हुआ था। जब शाने रजा ने उसका शव पहचानने से इनकार कर दिया तो पुलिस ने उसे मोर्चरी में रखवा दिया। दूसरे दिन उसने बताया कि ये शव उसकी बेटी का है। तब पुलिस ने उसका पोस्टमार्टम कराया। शाम के समय शव सखानू ले जाया गया। उस दौरान परिवार के सभी लोग मौजूद थे लेकिन फैजान उसमें शामिल नहीं हुआ था। इससे पुलिस को और ज्यादा शक हो रहा था।
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रिश्तेदारियों और घर पर मिली थी लोकेशन

आरोपी फैजान भले ही परिवार और मोहल्ले वालों से ये कहकर गया था कि वह दिल्ली जा रहा है लेकिन वह दिल्ली नहीं गया था। वह जलालपुर रिश्तेदारी में गया। तीन मार्च की रात घर आ गया और युवती की हत्या कर दी लेकिन ये झूठ सर्विलांस के जरिये पुलिस ने पकड़ लिया। जब उसकी लोकेशन ट्रेस कराई गई तो पूरा मामला खुल गया।

12 मार्च को युवती का शव तालाब से बरामद हुआ था। उसकी हत्या हुई थी। उसका शव बोरी में बंद करके तालाब में फेंका गया था। इस संबंध में अज्ञात के खिलाफ एफआईआर दर्ज की थी। इसकी जांच में उसका भाई फैजान और उसकी मां नाजमीन हत्यारोपी निकले हैं। फैजान को जेल भेज दिया गया है। उसकी मां की तलाश चल रही है। - ओमप्रकाश गौतम, इंस्पेक्टर अलापुर
 
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