बरेली। शहर के हार्टमन और कुदेशिया ओवरब्रिज तथा निचले मार्ग की बदहाल स्थिति से हादसों का खतरा बढ़ गया है। नगर निगम ने पांच माह पहले इनकी मरम्मत के लिए लोक निर्माण विभाग से प्रस्ताव मांगा था। डेढ़ करोड़ रुपये के इस प्रस्ताव को अभी तक मंजूरी नहीं मिल पाई है, जिससे पुलों की हालत लगातार बिगड़ रही है, लेकिन जिम्मेदार इस ओर कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं।
हार्टमन ओवरब्रिज 2013 में 21 करोड़ रुपये की लागत से बनाया गया था। यह किला क्षेत्र को रेलवे लाइन के पार के इलाकों से जोड़ता है। प्रतिदिन हजारों वाहन इस पुल से गुजरते हैं। पड़ताल में सामने आया कि ओवरब्रिज की सड़क जगह-जगह ऊंची-नीची हो चुकी है। लोक निर्माण विभाग ने गड्ढों को भरने के लिए पैच लगाए थे। हालांकि, इससे सड़क समतल होने के बजाय और असमान हो गई है। तेज रफ्तार वाहन इन ऊंची-नीची जगह पर उछलते हैं, जिससे चालकों का संतुलन बिगड़ने का खतरा रहता है। पुल के कई हिस्सों में साइड पटरियां भी उखड़ी हुई हैं। इसके 30 जोड़ों में से कई विस्तार जोड़ इतने खराब हैं कि वाहनों के टायर को भी नुकसान पहुंचा सकते हैं।
कुदेशिया ओवरब्रिज की भी खराब हालत
कुदेशिया ओवरब्रिज और निचले मार्ग की स्थिति भी हार्टमैन जैसी ही खराब है। इसके संपर्क मार्ग टूटे हुए हैं और जगह-जगह गड्ढे हैं। ये गड्ढे लोगों के लिए दुर्घटना का कारण बन रहे हैं। इसके अलावा, लाल फाटक ओवरब्रिज पर कई स्थानों से दृश्य अवरोधक गायब हैं। यह सुरक्षा के लिहाज से चिंताजनक स्थिति है। नगर निगम ने लोक निर्माण विभाग से हार्टमैन और कुदेशिया ओवरब्रिज की मरम्मत का आगणन मांगा था। यह प्रस्ताव मार्च में भेजा गया था। हार्टमन के 900 मीटर ओवरब्रिज की मरम्मत के लिए 77.40 लाख रुपये का प्रस्ताव है। कुदेशिया के 840 मीटर ओवरब्रिज और सेवा लेन की मरम्मत के लिए 74.37 लाख रुपये का प्रस्ताव तैयार किया गया है। नगर निगम राष्ट्रीय स्वच्छ वायु कार्यक्रम (एनकैप) के तहत धनराशि मिलने का इंतजार कर रहा है।
........................
वर्जन ...
फिलहाल नियमित पैच वर्क करा दिया गया है। इसके लिए नगर निगम की तरफ एनकैप योजना के तहत हार्टमन व कुदेशिया ओवरब्रिज व सर्विस लेन का प्रस्ताव मांगा गया था जिसको तैयार करके दिया गया है। अनुमति व बजट मिलने पर टेंडर कराकर मरम्मत कराई जाएगी।
-भगत सिंह, अधिशासी अभियंता, पीडब्ल्यूडी प्रांतीय खंड