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अब लॉकडाउन ही विकल्प

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बरेली। एक-एक दिन में कोरोना के केसों में 50 फीसद से ज्यादा वृद्धि आगे आने वाले भयावह हालात की ओर साफ इशारा कर रही है। चिकित्सकों की निगाह में हालात काबू से बाहर हो रहे हैं, अगर अभी से सख्त फैसला न लिया गया तो आगे आने वाले वाले समय में स्थिति संभाल पाना बेहद मुश्किल हो जाएगा।
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चिकित्सकों का यह भी कहना है कि कोरोना संक्रमितों के इलाज के संसाधनों और उनकी बढ़ती संख्या पर गौर किया जाए तो यह समय दोबारा लॉकडाउन लागू करने के बारे में विचार करने का है। अस्पतालों में अभी से मरीजों को भर्ती करने के लिए जगह नहीं है। गंभीर मरीजों को भी होम आइसोलेशन में रखा जा रहा है। ऐसे में मृत्यु दर बढ़ने का भी अंदेशा है। इसके बावजूद लोग कोविड प्रोटोकॉल का पालन करने को तैयार नहीं हैं। लिहाजा लॉकडाउन जरूरी हो गया है।
24 घंटे में चार सौ से ज्यादा कोरोना संक्रमितों का मिलना साफ इशारा कर रहा है कि इस वायरस से बचाव का आखिरी विकल्प लॉकडाउन रह गया है। अगर सरकार की ओर से यह व्यवस्था नहीं की जा रही है तो खुद लोगों को ही लॉकडाउन का पालन करना चाहिए। - डॉ. अर्जुन गुप्ता, फिजिशियन
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यह काफी नाजुक मौका है, लोगों को फौरन संभल जाना चाहिए। अस्पतालों में बेड कम हैं, अगर किसी की स्थिति गंभीर हुई तो अंजाम का अंदाजा लगाया जा सकता है। यह समय कड़े फैसले लेने का है। - डॉ. हिमांशु अग्रवाल, फिजिशियन
कोविड से बचाव का सिर्फ एक ही विकल्प है, कोविड प्रोटोकॉल का पूरी तरह पालन और संक्रमित होने की आशंका महसूस होते ही तत्काल अपनी जांच कराना। इसके अलावा लोगों को वैक्सीनेशन कराकर प्रतिरक्षित होना भी जरूरी है। - डॉ. सत्येंद्र, आईएमए के पूर्व अध्यक्ष
व्रत रखें लेकिन बनाए रखें इम्युनिटी
कोरोना की दूसरी लहर जब तूफान बनने की हद पर है तभी नवरात्र की शुरुआत हुई है। ऐसे में सेहत का खास ध्यान रखना बेहद जरूरी है। खासतौर पर उन लोगों के लिए जो नवरात्र का व्रत रख रहे हैं। हालांकि आरोग्य भारती ब्रज प्रांत के सह सचिव डॉ. अतुल वार्ष्णेय का कहना है कि उपवास से पाचन शक्ति बढ़ती है जो शरीर की क्षमता बढ़ती है।
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- भोजन में हरी सब्जियों का सेवन करें। इससे मिलने वाला फाइबर, हाइड्रेट रखने समेत इम्यून सिस्टम को दुरुस्त करता है।
- पांच बादाम, एक अखरोट, पांच किशमिश रोज रात को भिगोकर रखें। सुबह पूजा के बाद एक कप चाय या पानी के साथ सेवन करें।
- व्रत में सुबह एक कप दूध के साथ रोस्ट मखाना खाएं। यह भूख को नियंत्रित करता है। केले का शेक, चीकू या सेब का शेक सेवन करें।
- मौसमी, संतरा या नींबू जैसे खट्टे फलों का सेवन करना जरूर करें। खट्टे फलों में विटामिन-सी होती है, जो इम्यूनिटी को तेजी से बढ़ाता है।
- भूनी मूंगफली के साथ नारियल पानी का सेवन करेंगे कई तरह के रोगों से मुक्ति मिलेगी। साथ ही, कोई जूस या नींबू पानी भी पी सकते हैं।
- रात में साबूदाने के खिचड़ी का सेवन करें। व्रत में खाई जाने वाली सब्जियों के सूप भी पी सकते हैं। कद्दू का सूप बेहतर विकल्प होता है।
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