बरेली। नगर निगम के चीफ इंजीनियर एसके अंबेडकर को ट्रांसफर के तीन दिन बाद भी रिलीव नहीं किया गया है। निगम में चर्चा है कि साहब अपने ‘आका’ से बात करके उनका ट्रांसफर रुकवाने में लगे हैं। इसके चलते ही स्वत: रिलीव होने का प्रमुख सचिव का आदेश ताक पर रख दिया गया है।
नगर निगम में मचे घमासान के बीच मेयर उमेश गौतम ने चीफ इंजीनियर एसके अंबेडकर को हटाने के लिए नगर विकास मंत्री सुरेश खन्ना और शासन को पत्र लिखा था। इससे पहले भी मेयर उन्हें हटाने के लिए पत्र लिख चुके हैं। इस बीच 29 जून को नगर विकास विभाग के प्रमुख सचिव मनोज कुमार सिंह ने चीफ इंजीनियर एसके अंबेडकर को यहां से हटाकर नगर निकाय निदेशालय से संबद्ध कर दिया। एक जुलाई को यह आदेश नगर निगम भी पहुंच गया, जिसमें कहा गया है कि नवीन तैनाती के लिए एसके अंबेडकर को स्वत: कार्यमुक्त किया जाता है।
प्रमुख सचिव के निर्देश पर यह आदेश अनु सचिव बृजेंद्र सिंह ने जारी किया था। मगर निगम में यह आदेश ताक पर रख दिया गया है। आदेश पहुंचने के तीसरे दिन बुधवार को भी चीफ इंजीनियर को रिलीव नहीं किया गया। चर्चा है कि साहब अपने ‘आका’ से बात करके चीफ इंजीनियर का ट्रांसफर रुकवाने की जुगाड़ में हैं। वहीं कर अधीक्षक एवं कार्यालय अधीक्षक आरपी सिंह को भी रिलीव नहीं किया गया है।