कंपनी का कार्यालय पीलीभीत बाईपास पर भवन संख्या 48 में था। इसका उद्देश्य कोई कारोबार करना नहीं था, बल्कि अली जीशान के इशारे पर अवैध गतिविधियों के लिए हवाला के रुपयों का आदान प्रदान करना था। मोईन को पता चला था कि उसके खिलाफ मामला दर्ज हो गया है तो वह बरेली छोड़कर जा रहा था। मुखबिर ने पुलिस को सूचना दी तो उसे पकड़ लिया गया।
पुलिस ने किया था हवाला नेटवर्क का खुलासा
दो दिन पहले बारादरी पुलिस और एसओजी ने संयुक्त कार्रवाई में दुबई से संचालित हवाला नेटवर्क का खुलासा किया था। पुलिस ने दो आरोपी जमीर अहमद और जगदीश चोटिया को गिरफ्तार कर 35 लाख रुपये नकद, दो फर्जी आधार कार्ड और चार मोबाइल फोन बरामद किए थे। इस मामले में कई अन्य आरोपी पुलिस के रडार पर हैं।