बरेली के मीरगंज क्षेत्र के गांव कपूरपुर में एक विवाहिता की मौत हो गई। मायके वालों ने दहेज की खातिर हत्या का आरोप लगाया है, जबकि ससुराल वालों का कहना है कि बहू ने फंदा लगाकर आत्महत्या की है। मृतका की मां की तहरीर पर पति, देवर व सास-ससुर के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है।
कपूरपुर निवासी बीनू देवी ने बताया कि उन्होंने अपनी पुत्री रीगल (25 वर्ष) की शादी गांव के ही गजेंद्र सिंह के पुत्र विकास के साथ 24 नवंबर, 2020 को की थी। हैसियत के अनुसार दान-दहेज भी दिया था। कुछ समय बाद ससुराल वाले पांच लाख रुपये और बुलेट मोटरसाइकिल की मांग करने लगे। असमर्थता जताई तो रीगल को प्रताड़ित किया जाने लगा। उसकी ससुराल जाकर दामाद, सास-ससुर और देवर को समझाया, लेकिन वह लोग नहीं माने।
जमीन पर पड़ा मिला था शव
छह दिसंबर की शाम को उनकी बेटी रीगल ने बताया कि पति विकास, देवर प्रद्युम्न, सास माया और ससुर गजेंद्र उसे मारने की योजना बना रहे हैं। बृहस्पतिवार की सुबह पता चला कि चारों ने उनकी पुत्री की गला घोंटकर हत्या कर दी और शव को ठिकाने लगाया जा रहा था। पड़ोसी की सूचना पर वह परिजनों के साथ पहुंची तो रीगल का शव जमीन पर पड़ा था।
पति ने कहा- खाना बनाने को लेकर हुई थी कहासुनी
उसने पुलिस को सूचना दी तो सीओ मीरगंज दीप शिखा अहिबरन, प्रभारी निरीक्षक कुंवर बहादुर सिंह और तहसीलदार मीरगंज मौके पहुंचे। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजकर जांच शुरू कर दी। इधर, गजेंद्र सिंह ने बताया कि सुबह खाना बनाने को लेकर पति-पत्नी में कहासुनी हो गई थी। इसके बाद पुत्रवधू ने गुस्से में आकर साड़ी का फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली है। हत्या का आरोप निराधार है।