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पांच दिन खुलेगा बाजार

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बरेली। केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार से दूसरे दौर की बातचीत के बाद डीएम नितीश कुमार ने शनिवार को बाजार सप्ताह में पांच दिन खोलने की अनुमति देने पर सहमत हो गए लेकिन यह भी साफ कर दिया कि इस बारे में फैसला तभी लिया जाएगा जब व्यापारी इस बात की गारंटी देंगे कि बाजार में कोरोना से बचाव के लिए सभी नियम-कायदों का पूरी तरह पालन किया जाएगा। व्यापारियों से इसे बारे में बातचीत करने के लिए रविवार को डीएम उनसे वेबिनार पर रूबरू होंगे।
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जिला प्रशासन की ओर से 15 जुलाई से लागू नए रोस्टर में भी हर दिन सिर्फ एक ही दिशा का बाजार खोलने की अनुमति दिए जाने से व्यापारी वर्ग में शुरू से ही नाखुशी जताई जा रही है। रोस्टर जारी होते ही कई व्यापारी संगठनों ने इसका विरोध करते हुए शनिवार और रविवार को शासन के आदेश के तहत बंदी रखने के अलावा बाकी पांचों दिन बाजार खोलने की अनुमति देने की मांग शुरू कर दी। व्यापारी संगठन अपने दम पर इस मामले में प्रशासन पर दबाव बनाने में नाकाम रहे तो केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार की शरण में पहुंच गए। संतोष ने 17 जुलाई को दिल्ली से ही डीएम नीतीश कुमार से इस बारे में फोन पर बात की। डीएम ने उन्हें बताया कि बाजार में रोस्टर लागू होने के बावजूद व्यापारियों के असहयोगी रवैये की वजह से काफी भीड़भाड़ का माहौल है जो खुद व्यापारियों के साथ आम लोगों के लिए भी खतरनाक साबित हो सकता है। केंद्रीय मंत्री ने डीएम से ऐसा कोई रास्ता निकालने को कहा जिससे व्यापारियों को भी राहत मिल जाए और बाजार में भीड़भाड़ भी कम रहे।
बताया जाता है कि संतोष गंगवार की इस सलाह के बाद डीएम ने बाजार खोलने के मसले पर सहयोगी अफसरों के साथ मंथन किया। प्रशासन की यह कवायद चल ही रही थी कि इस बीच संतोष गंगवार भी बरेली पहुंच गए। इसके बाद व्यापारियाें ने भी भारत सेवा ट्रस्ट पर डेरा डाल लिया। शनिवार दोपहर में संतोष ने फिर डीएम नीतीश कुमार से इस मसले पर बात की। डीएम ने कहा कि प्रशासन सोमवार से पांचों दिन पूरा बाजार खुलवाने के लिए तैयार है लेकिन यह फैसला तभी लिया जा सकता है जब व्यापारी भी प्रशासन का सहयोग करें। इससे पहले कुछ नेताओं ने सीधे डीएम से संपर्क कर बाजार खुलवाने का आग्रह किया तो उन्होंने उनके सामने लिखित तौर पर नियम-कायदों के पालन की जिम्मेदारी लेने की शर्त रख दी। इस पर ये व्यापारी नेता उलटे पैर लौट आए। शनिवार शाम केंद्रीय मंत्री ने पत्रकारों को बताया कि व्यापारी वर्ग की परेशानी देखते हुए प्रशासन से पांचों दिन पूरा बाजार खुलवाने को कहा है। प्रशासन ने इसकी सहमति दे दी है।
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प्रशासन सहमत, व्यापारी भी लें जिम्मेदारी
व्यापारी आधा-अधूरा बाजार खुलने से परेशान था लेकिन डीएम का यह कहना भी ठीक है कि बाजार में भीड़ बढ़ी तो समस्या आएगी। हालांकि जिला प्रशासन ने सोमवार से शुक्रवार तक पांचों दिन बाजार खोलने पर सहमति दे दी है। अब व्यापारियों की भी जिम्मेदारी है कि वे लॉकडाउन के नियमों का पूरा पालन कराएं।- संतोष गंगवार, केंद्रीय मंत्री
व्यापारियों ने कहा.. शुक्रिया
केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार ने व्यापारियों का दर्द समझा और पांच दिन पूरा बाजार खुलवाने के लिए जिला प्रशासन को तैयार किया। इससे अस्तव्यस्त कारोबार और व्यापारी को बड़ी राहत मिलेगा। इसके लिए मंत्री और प्रशासन दोनों का आभार। - मनोज दीक्षित, कारोबारी
पांचों दिन बाजार खुलवाने के लिए लगातार प्रशासन से संपर्क किया जा रहा था। केंद्रीय मंत्री भी इसके लिए प्रयास कर रहे हैं। यह मेहनत रंग लायी है, प्रशासन ने सशर्त पूरा बाजार खोलने की सहमति दी है। - पवन अरोरा, सदस्य व्यापारी कल्याण बोर्ड
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हमारी लगातार मांग चल रही थी कि पूरा बाजार खुले और दिशा की बाध्यता नहीं हो। पिछले तीन दिन से केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार से संपर्क किया जा रहा था। उनकी पहल कामयाब हुई और व्यापारियों को बड़ी राहत मिली। - राजेंद्र गुप्ता, प्रांतीय महामंत्री उद्योग व्यापार मंडल
केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार ने व्यापारियों की वेदना जिला प्रशासन तक पहुंचाई, उनकी पहल पर पांचों दिन बाजार खुलना संभव हो पाया। व्यापारी नियमों के तहत ही कारोबार करेंगे। - केके चंदानी, कारोबारी
बहुत बड़ी राहत व्यापारियों को मिली है। इसके लिए केंद्रीय मंत्री और प्रशासन बधाई के पात्र हैं। पौने चार महीने में व्यापार और व्यापारी दोनों चौपट होने की स्थिति में आ गए थे। पांचों दिन बाजार खुलने पर कुछ क्षतिपूर्ति जरूर होगी। - नरेंद्र गुप्ता पप्पू, गारमेंट कारोबारी
सोमवार से पूरा बाजार खुलेेगा या नहीं, यह फैसला करने से पहले रविवार को वेबिनार के जरिये व्यापारियों से बातचीत होगी कि वे किस तरह आपसी दूरी बनाए रखते हुए संक्रमण से बचाव के दूसरे नियम-कायदे लागू करेंगे। पूरी तरह आश्वस्त होने के बाद ही रोस्टर हटाने पर निर्णय होगा। -नितीश कुमार, डीएम
श्यामगंज किराना एसोसिएशन के बाद
अब थोक दवा कारोबारी बंदी पर अड़े
बरेली। कई दवा कारोबारियों के कोरोना संक्रमण की चपेट में आने के बाद थोक दवा कारोबारियों ने भी सप्ताह में एक के बजाय दो दिन कारोबार बंद रखने का फैसला लिया है। इससे पहले श्यामगंज किराना एसोसिएशन ने 26 जुलाई तक कारोबार बंद रखने का एलान किया था। दरअसल गली नवाबान समेत कई इलाकों में कई थोक कारोबारी हाल ही में संक्रमित हुए हैं। थोक व्यापारी संगठन अध्यक्ष राजेश ओबराय भी अस्वस्थ हो गए हैं। इससे थोक दवा कारोबार में दहशत का माहौल है। बरेली मंडल केमिस्ट वेलफेयर एसोसिएशन महामंत्री सतीश सेठी ने बताया कि इस मुद्दे पर बैठक कर तय किया गया है कि कारोबार बृहस्पतिवार और रविवार को बंद रहेगा। बृहस्पतिवार को पहले ही साप्ताहिक अवकाश होता था। शनिवार और रविवार को लॉकडाउन रहता है। इसीलिए दो दिन बंदी के लिए तय किए गए हैं। उन्होंने बताया कि इस फैसले पर एफएसडीए अफसरों की भी सहमति ले ली गई है। हालांकि जिला औषधि निरीक्षक विवेक कुमार ने इस बंदी को अवैध बताते हुए कहा कि थोक दवा व्यापारियों ने उनसे इस मामले में बात की थी लेकिन अनुमति नहीं दी गई है। यह अनुमति डीएम ही दे सकते हैं। दवा कारोबारियों का कोई प्रत्यावेदन भी एफएसडीए कार्यालय में नहीं आया है।
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