बरेली के हाफिजगंज थाना इलाके में एक युवती की हत्या के मामले का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस ने हत्या करने वाले आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है, उसकी पत्नी की तलाश की जा रही है।
बरेली के हाफिजगंज थाना क्षेत्र में अपहरण के बाद युवती की हत्या के मुख्य आरोपी मोनू गुप्ता को आला कत्ल (फरसा) के साथ गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। हत्या में सहयोग करने वाली उसकी पत्नी पूजा की गिरफ्तारी के लिए पुलिस दबिश दे रही है।
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हत्यारोपी ने बताया कि युवती से उसके प्रेम संबंध थे। काफी समय से वह उसे ब्लैकमेल कर रही थी। पत्नी की मौजूदगी में उसे एकमुश्त समझौते के लिए बुलाया था। चलती कार में तकरार के बाद उसकी हत्या कर दी।
पुलिस की पूछताछ में मोनू ने बताया कि सालभर से उसकी दुकान पर पड़ोसी गांव की रहने वाली युवती का आना-जाना था। इससे दोनों की घनिष्ठता बढ़ गई। युवती पर उसके काफी रुपये खर्च हो रहे थे। पत्नी को उसके संबंधों के बारे में पता लगा तो घर में क्लेश शुरू हो गया।
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उस दिन वह पत्नी के साथ कार से जा रहा था। तभी बहन के साथ स्कूटी से जा रही युवती उसे दिख गई। उसने सोचा कि युवती से पत्नी की मौजूदगी में बात की जाए ताकि गतिरोध भी दूर हो सके। उसने युवती को स्कूटी से उतरवाकर कार में बैठा लिया।
यहां उसने बात शुरू की पर युवती और उसकी पत्नी में कहासुनी ज्यादा बढ़ गई और विवाद शुरू हो गया। तब उसने कार में रखे फरसे से युवती के सिर पर कई प्रहार किए। युवती ने बांयें हाथ से उसे रोकने की कोशिश की तो फरसे से उसकी हथेली व अंगुलियां भी कट गईं। इससे पहले उसकी पत्नी ने युवती के हाथों को पकड़ लिया था।
मोनू के मुताबिक उसने कार फैजुल्लापुर रोड पर ले ली तो युवती कार से उतरकर खाई में भागने लगी। वह भी कार से उतरकर उसके पीछे भागा। खाई में पानी भरा था।
वह पीछे से फरसे से प्रहार करता रहा। वह खाई में गिर गई। इसके बाद वह कार लेकर भाग गया। हत्या में संजीव नाम के तीसरे आरोपी की भूमिका भी सामने आ रही है। पुलिस इसका भी पता लगाने में जुटी है।
युवती का शव सोमवार रात में ही उसके घर नवाबगंज ले जाया गया। वहां परिजनों ने पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए अंतिम संस्कार करने से मना कर दिया। इस पर सीओ मंगलवार सुबह मौके पर पहुंच गए।
विधायक डॉ. एमपी आर्य भी आ गए। परिजनों और भीम आर्मी के कार्यकर्ताओं ने ज्ञापन सौंपकर पांच लाख रुपये मुआवजा व सभी आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की। विधायक के आश्वासन पर परिजनों ने अंतिम संस्कार कर दिया। सीओ ने अधिकतम दो दिन में गिरफ्तारी का भरोसा दिलाया।
मोनू गुप्ता ने हत्या की बात स्वीकार कर ली है। उसने मृतका पर ही उल्टा आरोप लगाए हैं। उसे जेल भेजा गया है। उसकी पत्नी व कार की तलाश कर रहे हैं। कोई अन्य आरोपी होगा तो उसे भी गिरफ्तार किया जाएगा। - मुकेश चंद्र मिश्रा, एसपी उत्तरी