पूर्व प्रधान दलपत सिंह, संदीप सिंह, बाबू सिंह व अन्य ग्रामीणों ने सियार के पागल होने की बात कही। घटना के बाद वन विभाग की टीम ने नदियों के आसपास बसे गांवों के जंगलों में निगरानी शुरू कर दी है।
रेंजर वैभव चौधरी ने कहा कि घटना के बाद ग्रामीण भेड़िया होने की बात कर रहे थे लेकिन जब वह टीम के साथ गांव पहुंचे तो छानबीन के दौरान अचानक सियार सामने आ गया। ग्रामीणों ने भी इसी वन्यजीव द्वारा हमला करने की तस्दीक की। उसको पकड़ने के लिए टीम जुटी हुई है।