नाम रखा अभिनव, जांच में मिला स्वस्थ
बच्चे का चेहरा काफी सूजा हुआ लग रहा था, हालांकि जिला अस्पताल की प्राथमिक जांच में कोई बीमारी नहीं मिली। चाइल्ड लाइन समन्वयक सोनू श्रीवास्तव ने बताया कि बच्चे को डॉक्टरों ने रविवार सुबह ही स्वस्थ घोषित कर दिया। बाल कल्याण समिति के सदस्य भी चाइल्ड लाइन कार्यालय पहुंचे। समिति सदस्यों ने उसका नाम अभिनव रख दिया।
समिति के अध्यक्ष दिनेश चंद्रा ने कहा कि शिशु के गले में हाय और नजरबंद के ताबीज मिले हैं। इन ताबीजों से लगता है कि मां ने जानबूझकर शिशु को नहीं छोड़ा होगा। उसके माता-पिता को ढूंढ़ने के पूरे प्रयास किए जाएंगे। यदि तीन माह तक शिशु के माता-पिता नहीं मिलते हैं तो बालक को कानूनी रूप से गोद लेने के लिए मुक्त किया जाएगा, जो वैधानिक प्रक्रिया का हिस्सा है।
एसपी सिटी मानुष पारीक ने बताया कि डॉक्टरों की निगरानी में बच्चे को दवा और प्राथमिक उपचार देने के बाद उसे एजेंसी की सुपुर्दगी में दिया गया है। बच्चे के माता-पिता की तलाश के लिए प्रयास किया जाएगा। सीसी कैमरों से फिलहाल सफलता नहीं मिली है। आसपास व रास्ते के और कैमरे दिखवाए जा रहे हैं।