आरोपी युवक प्रवेश कानपुर की मोमोज फैक्टरी में काम करता था। उसकी शादी तीन मई 2023 को चांदनी से हुई थी। शादी के दस दिन बाद ही प्रवेश ने दहेज की मांग शुरू कर दी थी। उसके बाद वह चांदनी को गांव में छोड़कर खुद कानपुर चला गया था। सेहरामऊ कस्बे में मां जालिपा देवी मंदिर में मेला लगने पर 17 जून को विजय बेटी चांदनी को विदा कराकर लाया था। 26 जून को प्रवेश भी ससुराल आया था। ससुराल में उसकी खूब खातिरदारी की गई थी। उसके बाद वे दोनों मेला देखने भी आए थे।
बताते हैं कि अगले दिन चांदनी घर से अकेले मेला देखने आ गई। प्रवेश कुमार भी उसके पीछे मेले में आ गया। पति प्रवेश कुमार ने किसी युवक के साथ चांदनी को झूले पर देखकर नाराजगी जताई। तब चांदनी अपने घर चली आई। पति प्रवेश कुमार भी पीछे से ससुराल पहुंच गया। जहां उसने चांदनी की जमकर पिटाई की।
नाराज चांदनी ऑटो से बैठकर शाहाबाद की तरफ चली गई। पीछे से पति प्रवेश कुमार भी पहुंचा। उधरनपुर गांव के पास उसने चांदनी को ऑटो से खींच लिया, साथ ही अपने दो अन्य साथियों की मदद से गन्ने के खेत में गन्ने की पत्ती की रस्सी बनाकर उसका गला घोंटकर हत्या कर दी।
बड़ी बेटी ने कराई थी चांदनी की बरात
विजय की बड़ी बेटी रेखा का विवाह भी सीतापुर में हुआ था। उसी ने प्रवेश कुमार व चांदनी की बरात कराई थी। विजय के अनुसार, शुरुआत में सब ठीक चला, लेकिन फिर प्रवेश ने बेटी को प्रताड़ित करना शुरू कर दिया था।
शव गांव पहुंचा तो मच गया कोहराम
चांदनी के पिता ने शाहबाद थाने में तहरीर दी है। इसमें दहेज में बाइक नहीं देने पर मारपीट करने व जान से मार देने का आरोप लगाया है। हरदोई में पोस्टमार्टम होने के बाद शव बुधवार को दोपहर में गांव पहुंचा। बेटी के शव को देखकर परिजन बिलख पड़े।
पत्नी के चरित्र पर थी शंका इसलिए कर दी हत्या
कोतवाली क्षेत्र के उधरनपुर गांव के पास गन्ने के खेत में हत्या कर फेंके गए महिला के शव का पुलिस ने बुधवार को पोस्टमार्टम कराया। रिपोर्ट में धागे से गला कसकर हत्या करने और तीन चोट होने की पुष्टि की गई है। पुलिस ने भी आरोपी से पूछताछ की। पुलिस का कहना है कि आरोपी ने हत्या की बात को स्वीकार की है। बताया है कि उसे अपनी पत्नी के चरित्र पर शक था, जिसके कारण वारदात को अंजाम दिया है।