मंगलवार से शुरू हुई व्यवस्था बुधवार रात तक रहेगी लागू, मंदिरों के पास फोर्स लगाई गई
बरेली। पुलिस लाइन के मंदिर में मंगलवार को जन्माष्टमी मनाई गई, जबकि शहर के अधिकांश मंदिरों में बुधवार को यह मनाई जाएगी। पुलिस ने इसके लिए काफी तैयारियां की हैं। शहर में भारी वाहनों की प्रवेश निषेध अवधि बढ़ाने के साथ ही डायवर्जन व्यवस्था भी लागू की गई है। मंदिरों के पास खास सतर्कता बरतने के निर्देश हैं।
जन्माष्टमी कई घरों और मंदिरों में मंगलवार को भी मनाई गई। वहीं अधिकांश जगह यह बुधवार को मनाई जाएगी। अब तक रात दस बजे से सुबह साढ़े सात बजे तक शहर में भारी वाहनों का प्रवेश रहता है, बाकी समय प्रवेश निषेध लागू रहता है। एसपी ट्रैफिक के आदेश पर जन्माष्टमी के कारण प्रवेश निषेध सीमा रात दस बजे से बढ़ाकर एक बजे कर दी गई है। यानी भारी वाहनों का शहर में प्रवेश रात एक बजे के बाद ही होगा। त्योहार के मद्देनजर सभी प्रमुख मंदिरों के बाहर पुलिस की ड्यूटी लगाई गई है। इनमें ट्रैफिक पुलिस के साथ ही सिविल पुलिस व होमगार्ड भी लगाए गए हैं। किसी सूरत में भारी वाहन शहर में आ भी जाएगा तो उसे डायवर्जन से बाहर संबंधित रास्ते पर निकाल दिया जाएगा।
यहां रहेगा भारी वाहनों का डायवर्जन
- चौपुला चौराहे पर मिनी बाईपास दिशा से कोई भारी वाहन प्रवेश निषेध क्षेत्र में आ भी गया तो उसे अयूब खां चौराहा, चौकी चौराहा होकर सेटेलाइट की ओर निकाल दिया गया।
- रामगंगा दिशा से शहर में कोई वाहन चौपुला पुल तक आ भी गया तो उसे लाल फाटक की दिशा में घुमा दिया जाएगा।
- मिनी बाईपास पर डायवर्जन लागू रहेगा। वहां से पुलिसकर्मी भारी वाहनों को शहर में नहीं आने देंगे।
- रामगंगा तिराहा से भी शहर में आने वाले वाहनों को लाल फाटक की ओर से लाया जाएगा। चौकी चौराहे पर भी फोर्स रहेगी, जो शहर में भारी वाहनों की आवाजाही को पूरी तरह रोकेगी।
इतना ट्रैफिक स्टाफ रहेगा तैनात
दो टीआई, चार टीएसआई, आठ हेड कांस्टेबल, 13 कांस्टेबल और छह होमगार्ड की ड्यूटी डायवर्जन स्थल पर लगाई गई है। इसके अलावा मंदिरों की सुरक्षा में भी ट्रैफिक स्टाफ पुलिस के साथ रहेगा।
जन्माष्टमी उत्सव पर दो दिन तक यह व्यवस्था लागू रहनी है। वैसे मंदिरों में श्रद्धालुओं के जाने और भीड़ लगाने पर रोक है, पर एहतियातन पुलिस मंदिरों के आसपास व प्रमुख रास्तों पर तैनात रहेगी। प्रवेश निषेध समय सीमा भी तीन घंटे आगे बढ़ाई गई है।- एससी गंगवार, एसपी ट्रैफिक