दो आरोपियों ने लिया स्टे, एक ने किया आत्मसमर्पण
सात इनामी आरोपियों में से अफजाल बेग ने आत्मसमर्पण कर दिया था और उसे कोर्ट ने जेल भेज दिया। चक महमूद निवासी बबलू खान और नदीम ने हाईकोर्ट से गिरफ्तारी पर स्टे ले लिया। बाकी चार इनामी साजिद सकलैनी, अल्तमश रजा, नायाब उर्फ निम्मा और अदनान सकलैनी अब तक भूमिगत हैं। इनके गैर जमानती वारंट के लिए पुलिस कोर्ट में आवेदन कर चुकी है।
एसपी सिटी मानुष पारीक ने बताया कि बवाल के चार इनामी आरोपियों के गैर जमानती वारंट जारी कराने के लिए पुलिस ने कोर्ट में अर्जी दी है। इनाम की धनराशि बढ़ाने पर भी मंथन चल रहा है। किसी निर्दोष की गिरफ्तारी नहीं होगी, लेकिन किसी दोषी के साथ रियायत भी नहीं बरती जाएगी।
मौलाना तौकीर की ऑनलाइन पेशी आज
शहर में 26 सितंबर को हुए बवाल के आरोपी मौलाना तौकीर रजा की 14 मुकदमों में ऑनलाइन सुनवाई मंगलवार को होगी। फतेहगढ़ जेल में बंद मौलाना की जमानत का प्रयास किया जा रहा है। हालांकि, हाल ही में स्थानीय कोर्ट से जमानत अर्जी खारिज हो चुकी है। 28 अक्तूबर को सीजेएम कोर्ट समेत स्थानीय चार अदालतों में 14 मुकदमों की सुनवाई के दौरान फतेहगढ़ जेल में बंद मौलाना तौकीर की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये पेशी कराई गई थी। मौलाना के साथ जेल भेजे गए सात अन्य आरोपियों को बरेली जिला जेल से लाकर कोर्ट में पेश किया गया था। सभी की न्यायिक हिरासत 11 नवंबर तक बढ़ाने का आदेश कोर्ट ने दिया है।
पुलिस ने तर्क दिया है कि मौलाना की जमानत से मुकदमों की विवेचना प्रभावित हो सकती है। छह नवंबर को मौलाना की जमानत अर्जी पर बहस के दौरान उसके पक्ष के वकील ने पुलिस के आरोपों को निराधार बताया था। बढ़ती उम्र, बीमारी व स्वास्थ्य के मद्देनजर मौलाना को जेल से बाहर लाने की जरूरत बताई थी। कोर्ट ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद उनके तर्क खारिज कर दिए थे।