दो दिन पहले जिला महिला अस्पताल में भर्ती हुई एक महिला की रक्तस्राव से हालत बिगड़ने पर गर्भपात के बाद उसे लखनऊ रेफर कर दिया गया लेकिन एंबुलेंस चालक और एक महिला ने उसके चार माह के भ्रूण को कूड़ेदान में फेंक दिया।
गुरुवार सुबह मामला खुलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और सीसीटीवी फुटेज खंगाला। इसके बाद एंबुलेंस चालक को हिरासत में लेकर पूछताछ की। साथी महिला के बारे में जानकारी लेने के बाद उसे छोड़ दिया गया।
गुरुवार सुबह पुलिस को सूचना मिली कि डीसी रोड स्थित एक निजी अस्पताल के सामने रखे कूड़ेदान में चार महीने का भ्रूण पड़ा है। पूछताछ और अस्पताल के सीसीटीवी कैमरे की फुटेज खंगालने पर सच्चाई सामने आ गई।
मैगलगंज के गांव हरनहा निवासी कल्लू की पत्नी गीता छह जुलाई को जिला महिला अस्पताल में भर्ती हुई थी। अधिक रक्तस्राव के कारण गर्भपात करके भ्रूण निकाल दिया गया था।
डॉक्टर ने हालत गंभीर होने पर गुरुवार की रात ही उसे लखनऊ रेफर कर दिया था। एंबुलेंस चालक महिला को वहीं निजी अस्पताल लेकर पहुंचा। उसके साथ मौजूद महिला ने भ्रूण को अस्पताल के बाहर रखे डस्टबिन में फेंक दिया। यह महिला आशा वर्कर मानी जा रही है।