बरेली। बारादरी इलाके में लकड़ी की एक बड़ी टाल में सोमवार देर रात आग लग गई। कुछ ही देर में आग इतनी भीषण हो गई कि उसे बुझाने के लिए फायर ब्रिगेड की 15 गाड़ियां लगानी पड़ीं। दो घंटे बाद आग बुझ पाई। इस बीच आसपास दूसरी टालों में आग फैलने की आशंका से लोग दहशतजदा रहे। आग लगने की वजह पता नहीं चल सकी। फायर ब्रिगेड के अधिकारी जांच कर रहे हैं।
बारादरी के ईंट पजाया-हजियापुर मोड़ पर स्थित जिस टाल में आग लगी, वह 50 साल से ज्यादा पुरानी है और उसमें आरा मशीन भी लगी हुई है। सोमवार को आधी रात के बाद किसी समय इस टाल में आग लग गई। पास ही थाना बारादरी है लिहाजा फौरन फायर ब्रिगेड को सूचना दी गई। कुछ ही देर बाद फायर ब्रिगेड की पांच गाड़ियां मौके पर पहुंच गई, लेकिन इतनी ही देर में आग इतनी ज्यादा विकराल हो गई कि एक-एक कर दस गाड़ियां और बुलानी पड़ीं।
टाल को तीन तरफ से घेरकर आग की लपटों पर पानी की बौछार की गई, तब कहीं दो घंटे बाद आग काबू में आई। हालांकि इस बीच टाल में रखी ज्यादातर लकड़ी के साथ आरा मशीन और एक टाटा मैजिक गाड़ी भी जलकर राख हो गई। आग से जली टाल के पास कई और टालें भी हैं लिहाजा आग बुझने तक लोगों में दहशत रही कि वह दूसरी टालों तक न पहुंच जाए।
एफएसओ संजीव कुमार यादव ने बताया कि आग पर काबू पाने के लिए 15 गाड़ियां लगानी पड़ीं। पहले पांच गाड़ियों को भेजा गया था मगर आग लगातार फैलती जा रही थी लिहाजा एक के बाद एक 10 गाड़ियां और भेजी गई। तब कहीं आग पर काबू पाया जा सका। उन्होंने बताया कि आग लगने का कारण अभी स्पष्ट नहीं हो सका है। फायर ब्रिगेड की टीम जांच कर रही है।
जब आग लगी, उस वक्त कोई नहीं था टाल पर
भीषण अग्निकांड का शिकार हुई टाल कोहाड़ापीर में रहने वाले हाजी हसीब की है जिसकी देखरेख उनके बेटे मोहम्मद कैफ करते है। कैफ के मुताबिक आरामशीन पर काम करने वाला इस्माइल ही रात में वहां सोता था। मंगलवार को इस्माइल अपने घर चला गया लिहाजा टाल पर कोई नहीं था। उन्हें देर रात पुलिस ने टाल में आग लगने की सूचना दी। वे लोग मौके पर पहुंचे, उस वक्त तक फायर ब्रिगेड की टीम भी पहुंच गई थी और आग पर काबू पाने की कोशिश कर रही थी। कैफ ने बताया कि आग से लगभग 80 फीसदी लकड़ी, आरा मशीन और टाटा मैजिक गाड़ी जलकर राख हो गई। हालांकि अभी पूरे नुकसान का आंकलन नहीं हो सका है।
दूसरी टाल को बचाकर आग को बेकाबू होने से रोका
हाजी हसीब की टाल के बराबर में ही दूसरी टाल है जो आग के काफी करीब थी। दूसरी टाल तक पहुंचने के बाद आग बेकाबू हो सकती थी लिहाजा फायर ब्रिगेड के कर्मचारियों ने इसी टाल वाले छोर पर आग बुझाने के लिए पानी की बौछार की। टाल की दूसरी तरफ एक दोमंजिला घर भी बना हुआ है जिसके निचले हिस्से में टाइल्स की दुकान है। ऊपरी हिस्से में एक परिवार रहता है। आग बढ़ने से यह परिवार भी खतरे में आ सकता था।
रात तीन बजे आग लगने की सूचना मिली थी। टाल मालिक ने इस अग्निकांड में लाखों के नुकसान होने की बात बताई है। आग लगने के कारणों का पता लगाने के लिए विभाग की टीम जांच कर रही है। - नीरज मलिक, इंस्पेक्टर, बारादरी